8th pay commission पर बड़ी हलचल: 13 अप्रैल को दिल्ली में NC-JCM की अहम बैठक; 30 अप्रैल तक सुझाव देने का आखिरी मौका, जानें सैलरी में कितनी होगी वृद्धि
8वें वेतन आयोग का गठन 3 नवंबर 2025 को किया गया था। आयोग को अपनी सिफारिशें सौंपने के लिए 18 महीने का समय दिया गया है। ऐसे में कैबिनेट की मंजूरी मिलने में 12 से 18 महीने का समय लग सकता है जिसके चलते 2027 से पहले 8वें वेतन आयोग का लाभ मिलना मुश्किल है।

8th pay commission।दिल्ली: देश के लाखों केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए 8वें वेतन आयोग से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आ रही है। आगामी 13 अप्रैल 2026 को दिल्ली में नेशनल काउंसिल (संयुक्त परामर्श तंत्र – NC-JCM) की ड्राफ्टिंग कमेटी एक महत्वपूर्ण बैठक करने जा रही है।
8th pay commission।इस बैठक में उन मांगों और प्रस्तावों के मसौदे (Draft) को अंतिम रूप दिया जाएगा, जिसे 8वें वेतन आयोग के समक्ष औपचारिक रूप से प्रस्तुत किया जाना है।
फिटमेंट फैक्टर और वेतन वृद्धि पर मंथन।8th pay commission
NC-JCM की इस बैठक का मुख्य उद्देश्य कर्मचारियों की आर्थिक उन्नति से जुड़े ज्ञापन को तैयार करना है। इसमें सबसे प्रमुख मुद्दा फिटमेंट फैक्टर है।
वर्तमान में कर्मचारी संगठन फिटमेंट फैक्टर को 2.57 से बढ़ाकर 3.15 या उससे अधिक करने की मांग कर रहे हैं। यदि इस पर सहमति बनती है, तो कर्मचारियों की बेसिक सैलरी (Basic Salary) में जबरदस्त उछाल देखने को मिलेगा। इसके अलावा, पुरानी पेंशन बहाली और अन्य भत्तों में सुधार जैसी मांगों को भी इस ज्ञापन में शामिल किया जाएगा।
आयोग की पहली फील्ड विजिट और एरियर की स्थिति।8th pay commission
8वें वेतन आयोग का गठन 3 नवंबर 2025 को किया गया था और आयोग अपनी सिफारिशें तैयार करने के लिए 18 महीने के समय पर काम कर रहा है। ताजा अपडेट के अनुसार:
- देहरादून दौरा: आयोग की टीम अपनी पहली आधिकारिक फील्ड विजिट के लिए अप्रैल 2026 में देहरादून जाएगी। वहां विभिन्न हितधारकों और सेवा संगठनों से सीधे बातचीत की जाएगी।
- एरियर (Arrear): हालांकि नई सिफारिशों के लागू होने में 2027 तक का समय लग सकता है, लेकिन नियमतः इसे 1 जनवरी 2026 से प्रभावी माना जाएगा। ऐसे में कर्मचारियों को बढ़े हुए वेतन का मोटा एरियर मिलने की पूरी उम्मीद है।
30 अप्रैल तक ऑनलाइन भेजें अपने सुझाव।8th pay commission
8वें वेतन आयोग ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट (https://8cpc.gov.in/) को 5 मार्च से सक्रिय कर दिया है। आयोग ने सभी सेवा संगठनों, सरकारी विभागों और व्यक्तिगत पेंशनभोगियों से अपील की है कि वे 30 अप्रैल 2026 तक अपने सुझाव और सिफारिशें ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से भेज दें।
आयोग ने स्पष्ट किया है कि सुझाव देने वालों की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी, ताकि लोग बिना किसी हिचकिचाहट के अपनी राय दे सकें।





