जिला अस्पताल में सुरक्षा चूक? दूसरी मंजिल से गिरी महिला, अंबिकापुर ले जाते दम तोड़ा
CCTV में कैद घटना… इलाज जारी था, फिर कैसे पहुंची छत तक—जांच की मांग तेज
बलरामपुर: जिला अस्पताल में देर रात हुई एक दर्दनाक घटना ने स्वास्थ्य व्यवस्था की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अस्पताल में भर्ती एक महिला मरीज दूसरी मंजिल की छत से नीचे गिर गई। सिर के बल फर्श पर गिरने से वह गंभीर रूप से घायल हो गई थी। अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज रेफर किए जाने के बाद रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।

मृतका की पहचान सेदूर गांव निवासी 58 वर्षीय कौलेश्वरी के रूप में हुई है। परिजनों ने 27 अप्रैल को बुखार और उल्टी की शिकायत पर उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। महिला मेडिकल वार्ड में उनका इलाज चल रहा था।
30 अप्रैल की रात करीब 12 बजे महिला अचानक वार्ड से बाहर निकलकर दूसरी मंजिल की छत तक पहुंच गई। बताया जा रहा है कि वह करीब 10 से 15 मिनट तक छत पर टहलती रही। इसके बाद उसने नीचे छलांग लगा दी। पूरी घटना अस्पताल परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई है।
महिला के गिरते ही अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। तत्काल उसे उठाकर इलाज शुरू किया गया, लेकिन सिर समेत शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आने के कारण उसकी हालत तेजी से बिगड़ती चली गई। डॉक्टरों ने रात करीब 2:30 बजे स्थिति नाजुक देखते हुए उसे अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर किया, लेकिन रास्ते में ही उसकी सांसें थम गईं।
इस घटना ने अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर सीधे सवाल खड़े कर दिए हैं। जिस छत पर आमतौर पर पहुंचना आसान नहीं होना चाहिए, वहां तक एक मरीज कैसे पहुंच गया? जानकारी के मुताबिक छत पर जाने से रोकने के लिए रेलिंग लगी हुई है, लेकिन महिला उसे पार कर ऊपर पहुंच गई।
डॉक्टरों का कहना है कि महिला का नियमित इलाज चल रहा था और उसकी हालत पर निगरानी भी रखी जा रही थी। बावजूद इसके वह वार्ड से निकलकर छत तक पहुंच गई—यह स्थिति प्रबंधन की सतर्कता पर सवाल खड़े करती है।
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि महिला ने यह कदम किन परिस्थितियों में उठाया। पुलिस और अस्पताल प्रबंधन मामले की जांच की बात कह रहे हैं।





