गांजा तस्करी में बड़ा नाम उजागर, पूर्व जनपद उपाध्यक्ष पति गिरफ्तार.. राजनीतिक रसूख भी नहीं आया काम
पूर्व जनपद पंचायत उपाध्यक्ष के पति की गिरफ्तारी

गौरेला–पेंड्रा–मरवाह…जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। गांजा तस्करी के मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें एक आरोपी पूर्व जनपद पंचायत उपाध्यक्ष का पति है। इस गिरफ्तारी के बाद जिले की राजनीति और प्रशासनिक हलकों में भी चर्चा तेज हो गई है।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में परान्सू राठौर, निवासी ग्राम रानिझाप और कोमल राठौर, निवासी ग्राम दौंजरा, लालपुर शामिल हैं। कोमल राठौर पूर्व जनपद पंचायत उपाध्यक्ष सविता राठौर के पति हैं, जो वर्ष 2020 से 2025 तक गौरेला जनपद पंचायत में उपाध्यक्ष के पद पर रही हैं।
पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार खिलारी के निर्देश पर थाना गौरेला और साइबर सेल की संयुक्त टीम जिले में लगातार निगरानी और सघन तलाशी अभियान चला रही थी। इसी दौरान 28 जनवरी 2026 को पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम रानिझाप निवासी परान्सू राठौर लालपुर क्षेत्र से गांजा खरीदकर मोटरसाइकिल से गौरेला नगर की ओर आ रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने बांधामुड़ा स्वागत गेट के पास घेराबंदी कर दबिश दी।
तलाशी के दौरान परान्सू राठौर को उसकी होंडा शाइन मोटरसाइकिल के साथ रोका गया। जांच में उसके कब्जे से करीब 3 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने यह गांजा ग्राम दौंजरा, लालपुर निवासी कोमल राठौर से खरीदा था और उसे अपने गांव रानिझाप ले जा रहा था।
इस खुलासे के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कोमल राठौर को भी गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपियों के कब्जे से तीन मोबाइल हैंडसेट और एक मोटरसाइकिल जब्त की गई है, जिन्हें तस्करी में उपयोग किया जा रहा था।
पुलिस ने मामले में अपराध दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ धारा 20(बी) और 29 एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की है। फिलहाल पूरे नेटवर्क को खंगालने के लिए विवेचना जारी है और यह भी जांच की जा रही है कि इस तस्करी के पीछे कोई संगठित गिरोह सक्रिय तो नहीं है।
इस कार्रवाई का नेतृत्व थाना प्रभारी गौरेला निरीक्षक सौरभ सिंह ने किया। अभियान में चौकी खोडरी प्रभारी उप निरीक्षक सनत मात्रे, उप निरीक्षक रोहित डहरिया, आरक्षक विजय पैंकरा सहित थाना स्टाफ की सक्रिय भूमिका रही। विवेचना के दौरान साइबर सेल गौरेला–पेंड्रा–मरवाही के प्रभारी उप निरीक्षक सुरेश ध्रुव, आरक्षक राजेश शर्मा, सुरेन्द्र विश्वकर्मा और हर्ष गहरवार द्वारा तकनीकी सहयोग प्रदान किया गया।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे अवैध मादक पदार्थों की बिक्री या तस्करी से जुड़ी किसी भी जानकारी की तुरंत सूचना पुलिस को दें, ताकि जिले में कानून व्यवस्था और सामाजिक सुरक्षा को मजबूत किया जा सके।





