जशपुर…जिले में गौवंश वध के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन शंखनाद’ के तहत कोतबा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 55 किलो गौमांस के साथ 10 आरोपियों को हिरासत में लिया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, मांस काटने के औजार और गौमांस की बिक्री से प्राप्त दो हजार रुपये भी जब्त किए हैं। मामले में छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस के अनुसार 26 जुलाई की सुबह करीब 9 बजे मुखबिर से सूचना मिली कि बैगाबहार और रोकबहार के कुछ लोगों ने तड़के एक गौवंश का वध कर उसका मांस तैयार किया है और उसे अपने घर ले जाने की तैयारी कर रहे हैं। सूचना मिलते ही कोतबा चौकी पुलिस ने तत्काल टीम गठित कर बताए गए स्थान पर घेराबंदी की और सर्च अभियान शुरू किया।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपी रंजीत एक्का की हीरो मोटरसाइकिल सीजी-13 डब्ल्यू-8714 की तलाशी ली। बाइक में रखी एक बोरी से बड़ी मात्रा में गौमांस बरामद हुआ। पूछताछ में रंजीत एक्का ने पुलिस को बताया कि उसने अपने साथियों राकेश तिर्की, मेघनाथ तिर्की, अमलेश तिग्गा, विनय तिग्गा, हीरालाल तिर्की, मनमोहन तिग्गा, अब्राहम कुजूर, संजय तिग्गा और अनूप भगत के साथ मिलकर गौवंश का वध किया था।

पुलिस ने मौके से 55 किलो गौमांस, घटना में प्रयुक्त हीरो मोटरसाइकिल, मांस काटने में इस्तेमाल टांगी और छुरी, तथा गौमांस की बिक्री से प्राप्त दो हजार रुपये जब्त किए। इस कार्रवाई में थाना तुमला पुलिस ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

चौकी कोतबा पुलिस ने सभी 10 आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की धारा 4, 5, 6 और 10 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजने की प्रक्रिया जारी है।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह ने बताया कि कोतबा क्षेत्र से 55 किलो गौमांस के साथ 10 आरोपियों को हिरासत में लिया गया है। मामले में जांच जारी है और कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि ‘ऑपरेशन शंखनाद’ के तहत गौवंश वध जैसे अपराधों में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और अभियान लगातार जारी रहेगा।