बस्ती…वाल्टरगंज थानाध्यक्ष सूर्य प्रकाश सिंह की आत्महत्या का मामला अब एक सनसनीखेज हनीट्रैप और ब्लैकमेलिंग प्रकरण के रूप में सामने आया है। पुलिस की जांच में मोबाइल चैट, कॉल हिस्ट्री और अन्य साक्ष्यों के आधार पर एक युवती पर थानाध्यक्ष को अपने जाल में फंसाकर निजी पलों का वीडियो और फोटो बनाने तथा बाद में उन्हें सार्वजनिक करने की धमकी देकर एक करोड़ रुपये मांगने का आरोप सामने आया है। पुलिस ने मामले में युवती, उसके पिता और एक वकील को गिरफ्तार किया है।

सरकारी आवास में फांसी लगाकर दी जान

ये खबर भी पढ़ें…
नाबालिग के अपहरण की साजिश का पर्दाफाश, 70 वर्षीय मुख्य आरोपी समेत 5 गिरफ्तार
नाबालिग के अपहरण की साजिश का पर्दाफाश, 70 वर्षीय मुख्य आरोपी समेत 5 गिरफ्तार
लखनऊ.. राजधानी के मोहनलालगंज थाना क्षेत्र में 16 वर्षीय किशोरी के अपहरण और उसके साथ दुष्कर्म के मामले का पुलिस ने...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

आजमगढ़ निवासी 56 वर्षीय सूर्य प्रकाश सिंह 18 अप्रैल 2026 से वाल्टरगंज थानाध्यक्ष के पद पर तैनात थे। 29 अगस्त को कलेक्ट्रेट के पास स्थित अपने सरकारी आवास में उन्होंने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मौत से पहले उन्होंने अपने व्हाट्सएप स्टेटस पर लिखा था—“धन-संपदा भी आवश्यक है, परंतु शांति और प्रेम से बढ़कर कुछ भी नहीं है।” उस समय आत्महत्या की वजह स्पष्ट नहीं थी, लेकिन पुलिस जांच आगे बढ़ने के साथ मामले की परतें खुलती चली गईं।

एक मुलाकात और फिर बढ़ती नजदीकी

ये खबर भी पढ़ें…
ऑपरेशन शंखनाद’ का बड़ा प्रहार, 55 किलो गौमांस के साथ 10 आरोपी हिरासत में
ऑपरेशन शंखनाद’ का बड़ा प्रहार, 55 किलो गौमांस के साथ 10 आरोपी हिरासत में
जशपुर...जिले में गौवंश वध के खिलाफ चलाए जा रहे 'ऑपरेशन शंखनाद' के तहत कोतबा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

पुलिस के मुताबिक जांच में वाल्टरगंज क्षेत्र की रहने वाली 32 वर्षीय प्रियंका चौधरी का नाम सामने आया। बताया जाता है कि एक मामले के सिलसिले में उसकी मुलाकात थानाध्यक्ष से हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं। पुलिस का दावा है कि इसी दौरान प्रियंका ने थानाध्यक्ष के निजी पलों की फोटो और वीडियो रिकॉर्ड कर ली।

निजी वीडियो बना ब्लैकमेलिंग का हथियार

ये खबर भी पढ़ें…
मजबूत जांच और पुख्ता सबूतों से हत्या का आरोपी दोषी, विवेचक को मिला इनाम
मजबूत जांच और पुख्ता सबूतों से हत्या का आरोपी दोषी, विवेचक को मिला इनाम
सूरजपुर (मनीष जायसवाल ) किसी भी आपराधिक मामले में FIR दर्ज होना जांच की शुरुआत होती है। घटना की सच्चाई...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

जांच में पुलिस को कथित तौर पर ऐसे साक्ष्य मिले, जिनसे संकेत मिला कि निजी फोटो और वीडियो सामने आने के बाद थानाध्यक्ष पर दबाव बनाया जाने लगा। आरोप है कि वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उनसे एक करोड़ रुपये की मांग की गई। इस पूरे घटनाक्रम में प्रियंका के पिता रामनयन चौधरी और अधिवक्ता विजय प्रकाश यादव की भूमिका भी पुलिस जांच में सामने आई है।

एक करोड़ की मांग के पीछे कौन-कौन?

पुलिस के अनुसार प्रियंका, उसके पिता और वकील पर थानाध्यक्ष को ब्लैकमेल करने की साजिश में शामिल होने का आरोप है। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया है। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि ब्लैकमेलिंग का सिलसिला कब शुरू हुआ, आरोपियों ने थानाध्यक्ष पर किस तरह दबाव बनाया और इस दौरान उनके बीच कितनी रकम या अन्य लेन-देन हुआ।

आत्महत्या से पहले छिपा था दर्द, जांच ने खोला राज

थानाध्यक्ष की मौत के बाद सामने आए उनके व्हाट्सएप स्टेटस और अब पुलिस जांच में सामने आ रही ब्लैकमेलिंग की कहानी ने पूरे मामले को गंभीर बना दिया है। पुलिस इस बात की भी पड़ताल कर रही है कि कथित ब्लैकमेलिंग और मानसिक दबाव का उनकी आत्महत्या से सीधा संबंध किस हद तक था। फिलहाल पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।

सूर्य प्रकाश सिंह के परिवार में पत्नी, एक बेटा और दो बेटियां हैं। एक पुलिस अधिकारी की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के पीछे निजी संबंध, कथित हनीट्रैप और एक करोड़ रुपये की मांग का मामला सामने आने के बाद यह प्रकरण अब पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है।