अपहरण का अंत, कानून का शिकंजा: नाबालिग सुरक्षित, आरोपी गिरफ्तार
नाबालिग से दरिंदगी का आरोप, पुलिस की कार्रवाई तेज: आरोपी गिरफ्तार

खैरागढ़-छुईखदान-गंडई… केसीजी पुलिस ने “ऑपरेशन मुस्कान” के तहत एक अपहृत नाबालिग बालिका को मध्य प्रदेश के भोपाल से सकुशल बरामद कर लिया है। इस मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। कार्रवाई ने न सिर्फ एक परिवार को राहत दी, बल्कि यह भी स्पष्ट कर दिया कि ऐसी घटनाओं में कानून सख्ती से पेश आता है।
घटना 12 फरवरी 2026 की है, जब प्रार्थी ने बकरकट्टा थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसकी नाबालिग बेटी, जो अपनी मां के साथ बाजार गई थी, को एक अज्ञात व्यक्ति बहला-फुसलाकर ले गया। शिकायत के आधार पर थाना बकरकट्टा में अपराध क्रमांक 01/26 दर्ज करते हुए भारतीय न्याय संहिता की धारा 137(2) के तहत मामला कायम किया गया और जांच शुरू हुई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य और मुखबिर सूचना के आधार पर आरोपी और पीड़िता की तलाश तेज की। जांच के दौरान दोनों के भोपाल में होने की जानकारी मिली, जिसके बाद विशेष टीम गठित कर तत्काल रवाना किया गया।
16 अप्रैल 2026 को भोपाल के खिजड़ा रोड, चेला मंदिर के पास से आरोपी ललित वर्मा को हिरासत में लिया गया। उसके कब्जे से नाबालिग बालिका को सकुशल बरामद किया गया। पूछताछ में आरोपी ने बालिका को बहला-फुसलाकर अपहरण करने और उसके साथ जबरदस्ती दुष्कर्म करने की बात स्वीकार की।
विधिसम्मत कार्रवाई के बाद आरोपी को 18 अप्रैल 2026 को गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि ऑपरेशन मुस्कान के तहत नाबालिग बच्चों की खोज और सुरक्षा को लेकर अभियान लगातार जारी है। साथ ही यह कार्रवाई एक स्पष्ट संदेश भी देती है कि बच्चों के खिलाफ अपराध करने वालों के खिलाफ कानून सख्ती से कार्रवाई करता है और ऐसे मामलों में किसी भी स्तर पर ढिलाई नहीं बरती जाएगी।





