Budget 2026 sensex crash: सेंसेक्स 2300 अंक गिरा, जानें क्यों बिगड़ी बाजार की चाल?
बाजार में आई इस सुनामी की मुख्य वजह बजट में फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (F&O) सेगमेंट पर सिक्योरिटी ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) में की गई बढ़ोतरी को माना जा रहा है। वित्त मंत्री ने जैसे ही फ्यूचर्स पर एसटीटी बढ़ाकर 0.05 फीसदी करने का प्रस्ताव रखा, वैसे ही दलाल स्ट्रीट पर दबाव बढ़ गया और देखते ही देखते लाल निशान गहराता चला गया।

Budget 2026 sensex crash: दिल्ली: केंद्रीय बजट 2026 के पेश होने के साथ ही भारतीय शेयर बाजार में जबरदस्त उथल-पुथल देखने को मिली है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा लगातार नौवीं बार बजट पेश किए जाने के दौरान और उसके तुरंत बाद बाजार में भारी बिकवाली का दौर शुरू हो गया, जिससे निवेशकों के बीच ‘हाहाकार’ मच गया।
रविवार के विशेष कारोबारी सत्र में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सूचकांक सेंसेक्स अपने दिन के उच्च स्तर से 2,300 अंकों से ज्यादा टूट गया, जबकि निफ्टी में भी 600 अंकों से अधिक की भारी गिरावट दर्ज की गई।
बाजार में आई इस सुनामी की मुख्य वजह बजट में फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (F&O) सेगमेंट पर सिक्योरिटी ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) में की गई बढ़ोतरी को माना जा रहा है। वित्त मंत्री ने जैसे ही फ्यूचर्स पर एसटीटी बढ़ाकर 0.05 फीसदी करने का प्रस्ताव रखा, वैसे ही दलाल स्ट्रीट पर दबाव बढ़ गया और देखते ही देखते लाल निशान गहराता चला गया।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, इस गिरावट के पीछे कई कारक एक साथ काम कर रहे हैं। टैक्स में बढ़ोतरी के अलावा, रुपया भी डॉलर के मुकाबले कमजोर होकर करीब 92 के स्तर पर पहुंच गया, जिसने विदेशी निवेशकों की धारणा को प्रभावित किया।
साथ ही, मध्यम वर्ग को इस बजट में आयकर (इनकम टैक्स) में किसी बड़ी राहत की उम्मीद थी, लेकिन साल 2025 में पहले ही बड़ी टैक्स कटौती हो चुकी होने के कारण इस बार कोई नया ऐलान नहीं हुआ, जिससे बाजार में उत्साह की कमी दिखी।
Enjoy the rally…
Just another year of disappointment, nothing more#Budget2026 #NirmalaSitharaman #MarketToday #Sensex #Nifty pic.twitter.com/HZvrXxG9xg— Jayanto Banerjee (@jabanerjee) February 1, 2026
हालांकि सरकार ने आर्थिक विकास की गति बनाए रखने और राजकोषीय घाटे को जीडीपी के 4.3 से 4.4 प्रतिशत के दायरे में रखने का लक्ष्य तय कर वित्तीय अनुशासन का परिचय दिया है, लेकिन एसटीटी के झटके ने निवेशकों को फिलहाल रक्षात्मक मुद्रा में ला दिया है।
सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो निफ्टी मेटल में सबसे ज्यादा यानी 3 प्रतिशत से अधिक की गिरावट आई। हालांकि, रक्षा क्षेत्र के लिए बजट में भारी आवंटन की उम्मीद के चलते भारत इलेक्ट्रॉनिक्स (BEL) जैसे रक्षा शेयरों में खरीदारी भी देखने को मिली।
बाजार विश्लेषकों का मानना है कि बजट के दिन होने वाला यह उतार-चढ़ाव काफी हद तक शॉर्ट-टर्म रिएक्शन है। निवेशक अब सरकार की उधारी योजना और वित्तीय घाटे के आंकड़ों का बारीकी से विश्लेषण कर रहे हैं ताकि भविष्य की दिशा तय की जा सके। उल्लेखनीय है कि रविवार को विशेष सत्र के तहत बाजार दोपहर 3:30 बजे तक खुला रहा, लेकिन 30 जनवरी को खरीदे गए शेयरों पर सेटलमेंट हॉलिडे लागू होने के कारण आज उन्हें बेचा नहीं जा सका, जिसने ट्रेडिंग की गति को भी कुछ हद तक प्रभावित किया।




