
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी को देखते हुए सभी स्कूलों में बच्चों की छुट्टी हो गई है। लेकिन लगता है कि बिलासपुर के व्यापार विहार का मौसम पूरे प्रदेश से कुछ अलग है। तभी तो यहां के सेंट जेवियर स्कूल में बच्चों की कक्षाएं लग रही है। सोमवार को इस स्कूल में कक्षाएं लगी और रोजाना की तरह बच्चे स्कूल पहुंचे। सवाल उठ रहा है कि क्या पूरे प्रदेश के लिए जारी किया स्कूल शिक्षा विभाग का आदेश सेंट जेवियर स्कूल में लागू नहीं होता… ?
जैसा कि मालूम है कि पिछले 16 अप्रैल को स्कूल शिक्षा विभाग ने एक आदेश जारी किया था। जिसमें कहा गया था कि वर्तमान में प्रदेश में पड़ रही भीषण गर्मी और लू के कारण छात्रों के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रतिकूल प्रभाव की आशंका को दृष्टिगत रखते हुए राज्य शासन द्वारा प्रदेश के समस्त शासकीय, अनुदान प्राप्त, गैर अनुदान प्राप्त, अशासकीय शालाओं हेतु घोषित ग्रीष्मकालीन अवकाश में आंशिक संशोधन करते हुए 20 अप्रैल से 15 जून तक ग्रीष्मकालीन अवकाश घोषित किया जाता है।
इस आदेश के बाद सोमवार से सभी सरकारी और गैर सरकारी स्कूलों में बच्चों की छुट्टी शुरू हो गई। लेकिन बिलासपुर व्यापार विहार स्थित सेंट जेवियर स्कूल में इस आदेश को ठेंगा दिखाते हुए कक्षाएं लगाई जा रहीं हैं। जानकारी मिली है कि सेंट जेवियर स्कूल में नर्सरी से लेकर 12वीं तक की कक्षाएं लगती हैं। सोमवार को नर्सरी से लेकर दसवीं तक की कक्षाओं में छुट्टी रही। लेकिन 11वीं और 12वीं कक्षा के बच्चों को स्कूल बुलाया गया। बताया गया है कि सोमवार को सुबह 7:30 बजे से 10:30 बजे तक 11वीं और 12वीं की कक्षाएं लगी। भीषण गरमी के बीच बच्चे स्कूल पहुंचे और तपती गरमी में वापस लौटे। ऐसे में बच्चों को स्कूल छोड़ने और वापस लेने वाले पालकों को भी गरमी में तपना पड़ा।
गौर करने वाली बात है कि शासन ने शासन के स्कूल शिक्षा विभाग ने भीषण गर्मी को देखते हुए स्कूलों में छुट्टी दी है। जिससे स्कूली बच्चों के स्वास्थ्य में किसी प्रकार का प्रभाव न पड़े। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या बिलासपुर के व्यापार विहार इलाके में मौसम छत्तीसगढ़ के दूसरे इलाकों से अलग है और यहां के बच्चे मौसम से प्रभावित नहीं है । तभी तो एक तरफ जहां पूरे प्रदेश के स्कूलों में सभी बच्चों की छुट्टी लग गई है, वहीं सेंट जेवियर स्कूल में कक्षाएं लग रही है। यह भी बताया गया है कि इस तरह की स्थिति में स्कूलों की छुट्टी की घोषणा के बाद पिछले वर्षों में भी सेंट जेवियर स्कूल में कक्षाएं लगाई गई थी। लेकिन मीडिया में खबर आने के बाद कक्षाएं बंद की गई। यह भी समझ से परे है कि संभागीय मुख्यालय में जहां शिक्षा विभाग और प्रशासन के सभी प्रमुख कार्यालय हैं, ऐसे में सरकारी आदेश को धत्ता बताकर इस तरह की मनमानी कैसे चल जाती है।





