बिलासपुर/रायपुर…छत्तीसगढ़ में हॉकी को नई पहचान देने और स्थानीय खिलाड़ियों को बड़े मंच तक पहुंचाने के लिए छत्तीसगढ़ हॉकी लीग की तैयारी पूरी हो गई है। लीग के पहले सत्र के लिए छह फ्रेंचाइजी टीमों का ऐलान कर दिया गया है। भारतीय हॉकी टीम के पूर्व कप्तान और दिग्गज खिलाड़ी सरदार सिंह लीग के एंबेसडर होंगे। सोमवार को रायपुर में आयोजित कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री एवं खेल मंत्री अरुण साव ने इसकी घोषणा की। इस दौरान टीमों को ड्रा के जरिए खिलाड़ियों और मुख्य प्रशिक्षकों का आवंटन किया गया। सभी छह टीमों की जर्सी भी जारी की गई।

21 अक्टूबर से एक नवंबर तक रायपुर के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हॉकी स्टेडियम में होने वाली इस प्रतियोगिता में 18 पुरुष मुकाबले खेले जाएंगे। इसके साथ महिला हॉकी का एक प्रदर्शनी मुकाबला भी होगा। लीग में कुल 132 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे, जिनमें छत्तीसगढ़ के 108 स्थानीय और 24 अतिथि खिलाड़ी शामिल हैं। प्रत्येक टीम में 22 खिलाड़ी और एक मुख्य प्रशिक्षक होगा। हर टीम को एक पूर्व ओलंपियन मार्की खिलाड़ी के रूप में भी मिलेगा।

छह टीमों को मिला नाम और संस्थानों का साथ

लीग की छह फ्रेंचाइजी में प्रदेश और देश के प्रतिष्ठित संस्थान शामिल हुए हैं। जिंदल स्टील लिमिटेड की टीम चक्रधर चैंपियंस, साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड की न्यायधानी नाइट्स, श्री बजरंग पावर एंड इस्पात लिमिटेड की राजधानी रॉयल्स, छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल की मैनपाट टाइगर्स, सारडा एनर्जी एंड मिनरल्स लिमिटेड की संस्कारधानी स्ट्राइकर्स और एनएमडीसी लिमिटेड की बैलाडीला बुल्स मैदान में उतरेंगी।

टीमों की कमान और मार्गदर्शन के लिए भारतीय हॉकी के अनुभवी खिलाड़ियों को जोड़ा गया है। एस.वी. सुनील, सुरेंद्र कुमार, ललित कुमार उपाध्याय, चिंगलेनसाना सिंह, शमशेर सिंह और प्रदीप मोर छह टीमों के मार्की खिलाड़ी होंगे। इनके साथ खेलने से स्थानीय खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रतिस्पर्धा का अनुभव हासिल करने का अवसर मिलेगा।

सरदार सिंह बोले..आगे बढ़ने का मंच

लीग का एंबेसडर बनाए जाने पर सरदार सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ में खेलों के विकास की संभावनाएं हैं और यह लीग स्थानीय प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल साबित हो सकती है। उन्होंने विश्वास जताया कि इससे प्रदेश के खिलाड़ियों को भविष्य में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने में मदद मिलेगी। उनके मुताबिक, एंबेसडर की भूमिका उनके लिए केवल सम्मान नहीं, बल्कि प्रतिभाशाली खिलाड़ियों के विकास में योगदान देने का अवसर भी है।

उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि सरदार सिंह जैसे प्रतिष्ठित खिलाड़ी का जुड़ना युवा खिलाड़ियों को उचित मार्गदर्शन और संसाधन उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने लीग से जुड़े छह फ्रेंचाइजी मालिकों और प्रायोजकों का स्वागत करते हुए कहा कि प्रदेश में हॉकी को बढ़ावा देने के लिए सरकार और निजी संस्थानों की दीर्घकालिक साझेदारी जरूरी है।

विजेता को 11 लाख, व्यक्तिगत प्रदर्शन पर पुरस्कार

लीग में कुल 21 लाख रुपये की पुरस्कार राशि निर्धारित की गई है। विजेता टीम को 11 लाख और उपविजेता को छह लाख रुपये मिलेंगे। शेष चार लाख रुपये व्यक्तिगत प्रदर्शन के लिए रखे गए हैं। प्रत्येक पुरुष मुकाबले के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी को 10 हजार रुपये दिए जाएंगे। प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट को एक लाख रुपये मिलेंगे। टॉप स्कोरर, सर्वश्रेष्ठ गोलकीपर, सर्वश्रेष्ठ छत्तीसगढ़ी खिलाड़ी और अंडर-21 वर्ग के उभरते खिलाड़ी को 30-30 हजार रुपये दिए जाएंगे।

दर्शकों के लिए स्टेडियम में प्रवेश नि:शुल्क रहेगा। पहला मुकाबला शाम 5.30 बजे और दूसरा शाम 7.30 बजे शुरू होगा। दोनों मुकाबलों के बीच मनोरंजन कार्यक्रम भी होंगे। जो दर्शक स्टेडियम नहीं पहुंच पाएंगे, वे जियोहॉटस्टार पर मुकाबलों का सीधा प्रसारण देख सकेंगे।

हॉकी के साथ छत्तीसगढ़ी संस्कृति का रंग

लीग का उद्घाटन समारोह खेल के साथ प्रदेश की कला और सांस्कृतिक विरासत को भी सामने लाएगा। समारोह में देशभक्ति से जुड़ी प्रस्तुतियों के साथ पंजाबी गायक जस्सी गिल और बब्बल राय कार्यक्रम पेश करेंगे। हॉकी के पूर्व दिग्गज खिलाड़ियों का सम्मान भी किया जाएगा।

लीग के लिए छत्तीसगढ़ के नक्शे और हॉकी खिलाड़ी की आकृति वाला लोगो तैयार किया गया है। प्रदेश के बाघ को मस्कट बनाकर उसका नाम ‘बघवा’ रखा गया है। ‘चलो रे संगी हॉकी खेलबो’ लीग की टैगलाइन है।