रवि भोई।कहा जा रहा है कि जनवरी के अंतिम सप्ताह में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष की नियुक्ति के साथ सत्ता और संगठन में बड़े बदलाव के आसार हैं। माना जा रहा है कि पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नबीन का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनना तय है। इसके लिए भाजपा की राष्ट्रीय परिषद की बैठक 15 जनवरी के बाद कभी भी बुलाए जाने की संभावना है। खबर है कि इसकी मौखिक सूचना भाजपा के प्रदेश अध्यक्षों और संगठन मंत्रियों को दे दी गई है। उम्मीद की जा रही है कि भाजपा की राष्ट्रीय टीम में छत्तीसगढ़ से एक-दो नेताओं को जगह मिल सकती है। अनुमान है कि एक महासचिव और एक सचिव का पद छत्तीसगढ़ के खाते में आ सकता है। लोग आंकलन कर रहे हैं कि नए भाजपा अध्यक्ष की टीम में 50 साल से कम उम्र के नेता ही रहने वाले हैं। हल्ला है कि बजट सत्र से पहले मोदी मंत्रिमंडल में फेरबदल हो सकता है। कई मंत्री बाहर होंगे, तो कई नए चेहरे को जगह मिल सकती है। बजट सत्र खत्म होने के बाद भाजपा हाईकमान राज्यों पर नजर दौड़ाएगी। छत्तीसगढ़, ओडिशा समेत कई राज्यों में सरकार में चेहरों में बदलाव हो सकता है। कहते हैं छत्तीसगढ़ में बजट सत्र के बाद होने वाले बदलाव में अनुभवी और पुराने लोगों को मौका मिल सकता है।

दीपक सोनी भी केंद्र सरकार में

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जगदलपुर के कलेक्टर हरीश एस के बाद अब बलौदाबाजार-भाटापारा के कलेक्टर दीपक सोनी के केंद्र सरकार में प्रतिनियुक्ति पर जा रहे हैं। 2011 बैच के आईएएस दीपक सोनी को भारत सरकार में संचालक चिकित्सा बनाए जाने की खबर है। हरीश एस और दीपक सोनी की पोस्टिंग आर्डर भारत सरकार ने जारी कर दिए हैं, ऐसे में उम्मीद है कि दोनों अफसर जल्द ही छत्तीसगढ़ से कार्यमुक्त हो जाएंगे। हरीश एस और दीपक सोनी के केन्द्र में जाने से जगदलपुर और बलौदाबाजार-भाटापारा के कलेक्टर पद पर नए अफसरों की पोस्टिंग सरकार को करनी पड़ेगी। चर्चा है कि जगदलपुर और बलौदाबाजार-भाटापारा के कलेक्टर पद पर नए अफसरों की पोस्टिंग अगले हफ्ते हो सकती है। अब देखते हैं कौन आईएएस को जगदलपुर और बलौदाबाजार-भाटापारा के कलेक्टर बनने का मौका मिलता है।

बृजमोहन ने मचाई खलबली

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रायपुर के सांसद और भाजपा के वरिष्ठ नेता बृजमोहन अग्रवाल ने एक बार फिर प्रदेश की राजनीति में खलबली मचा दी है। मध्यप्रदेश की पटवा सरकार से छत्तीसगढ़ की साय सरकार में मंत्री रहे बृजमोहन अग्रवाल ने पहले जमीन की बढ़ी हुई गाइडलाइन दर की मुखालफत कर सुर्खिया बटोरीं,अब जंबूरी आयोजन मामले में झंडा उठाकर अलग ही राह बना ली है। स्काउट-गाइड के अध्यक्ष की नियुक्ति को लेकर बृजमोहन अग्रवाल और स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव के अपने-अपने दावे हैं। बृजमोहन के विरोध के बाद बालोद में आयोजन हो गया और राज्यपाल रमेन डेका ने 9 जनवरी को जंबूरी का उद्घाटन भी किया। इसमें भारत स्काउट-गाइड के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ अनिल जैन भी शामिल हुए। जंबूरी का उद्घाटन तो हो गया, पर बृजमोहन के कदम से कड़ाके की ठंड में राज्य की राजनीति में गर्माहट आ गई और विपक्ष कांग्रेस को एक मुद्दा मिल गया।

मनोज पिंगुआ अगले महीने जा सकते हैं केंद्र में

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चर्चा है कि राज्य के अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह और 1994 बैच के आईएएस मनोज पिंगुआ फ़रवरी में भारत सरकार में प्रतिनियुक्ति पर जा सकते हैं। माना जा रहा है कि मनोज पिंगुआ के केंद्र सरकार में जाने के बाद मंत्रालय में अफसरों के विभागों में हेरफेर हो सकता है। पहली जनवरी को कई आईएएस अफसरों के प्रमोशन के बाद पूर्ववत रखे गए हैं, उनके विभागों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। प्रमोशन के बाद कुछ आईएएस सचिव, तो कुछ विशेष सचिव बन गए हैं। चर्चा है कि फ़रवरी के संभावित फेरबदल में कई बड़े विभागों के सचिव और प्रमुख सचिव इधर से उधर हो सकते हैं ।

उइके को एक्सटेंशन

जल संसाधन विभाग के प्रमुख अभियंता इंद्रजीत उइके को सरकार ने तीन महीने का एक्सटेंशन दे दिया है। उइके साहब अब मार्च 2026 तक जल संसाधन विभाग के मुखिया बने रहेंगे। इंद्रजीत उइके को रिटायरमेंट के बाद दूसरी बार एक्सटेंशन मिला है। कहते हैं कि जल संसाधन विभाग में कोई मुख्य अभियंता नहीं होने के कारण उइके साहब को फिर से मौका मिल गया। बताते हैं अब सरकार ने तीन महीने के भीतर अधीक्षण अभियंताओं को मुख्य अभियंता और कार्यपालन अभियंताओं को अधीक्षण अभियंता के पद पर पदोन्नत कर रिक्त पदों को भरने का फैसला किया है। बड़े पदों पर इंजीनियरों के प्रमोशन के लिए सरकार तीन साल का विशेष छूट का प्रावधान पर भी विचार कर रही है। इसके लिए जल्द मंत्रिमडल की बैठक में प्रस्ताव लाया जाएगा। छत्तीसगढ़ में सिंचाई के कई बड़े प्रोजेक्ट चल रहे हैं और कुछ जल्दी आने वाले हैं,ऐसे में सरकार के लिए विभाग के बड़े पदों को भरने की प्राथमिकता बन गई।

सूचना आयोग हुआ रौनक

कई महीनों से एक सूचना आयुक्त के भरोसे चल रहे सूचना आयोग अब भरा-पूरा हो गया। सरकार ने पूर्व मुख्य सचिव अमिताभ जैन को मुख्य सूचना आयुक्त बनाने के साथ रिटायर्ड आईएएस उमेश अग्रवाल और पत्रकार शिरीष मिश्रा को सूचना आयुक्त बना दिया है। अमिताभ जैन जब मुख्य सचिव थे, तब मुख्य सूचना आयुक्त पद के लिए इंटरव्यू दिया था। कोर्ट में मामला चले जाने के कारण नियुक्ति प्रक्रिया लंबी खिंच गई। अमिताभ जैन के मुख्य सूचना आयुक्त बनने के बाद अब विद्युत नियामक आयोग का अध्यक्ष कौन बनता है, इसको लेकर चर्चा शुरू हो गई है। अभी विद्युत् नियामक आयोग के अध्यक्ष का पद खाली है। राज्य में कई रिटायर आईएएस हैं, जो रिटायरमेंट के बाद पद चाह रहे हैं। कुछ रिटायर्ड आईपीएस और आईएफएस अफसर है, वे भी पोस्ट रिटायरमेंट पद चाहते हैं।

अमित जोगी की सक्रियता

 

जोगी कांग्रेस (जेसीसीजे) के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी क्रिसमस के बाद कुछ ज्यादा ही सक्रिय हो गए हैं। अमित जोगी कभी मोदी का मुखौटा लगा कर सक्रियता दिखा रहे हैं , तो कभी लोगों से संपर्क कर। जोगी कांग्रेस की स्थापना छत्तीसगढ़ के प्रथम मुख्यमंत्री अजीत जोगी ने की थी। 2018 के विधानसभा चुनाव में जोगी कांग्रेस को पांच सीटें और सात फीसदी वोट मिले थे। 2023 के विधानसभा चुनाव में जोगी कांग्रेस परिदृश्य से बाहर हो गई। कहा जा रहा है कि अमित जोगी को जोगी कांग्रेस की जड़ें मजबूत करने के लिए सक्रियता ही नहीं, कड़ी मेहनत और संघर्ष करना होगा।(लेखक पत्रिका समवेत सृजन के प्रबंध संपादक और स्वतंत्र पत्रकार हैं।)