CG News-भालू के शिकार पर वन विभाग की कार्यवाई .. रायगढ़ के बरकछार जंगल से 3 शिकारी गिरफ्तार, घर से मिले वन्यजीवों के अंग

CG News/रायगढ़ /छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में वन्यजीवों के संरक्षण के प्रति वन विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। तमनार क्षेत्र के बरकछार जंगल में एक भालू का अवैध शिकार करने के मामले में वन अमले ने तीन शिकारियों को रंगे हाथों पकड़ने में सफलता हासिल की है।
पकड़े गए आरोपियों के पास से भालू के अंग भी बरामद किए गए हैं, जो वन्यजीव संरक्षण कानून के तहत एक गंभीर अपराध है। इस मामले में संलिप्त तीन अन्य आरोपी फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं, जिनकी तलाश में विभाग की टीमें जुटी हुई हैं।
घटना की शुरुआत 23 जनवरी को हुई जब वन विभाग के अधिकारियों को गुप्त सूचना मिली कि बरकछार के जंगलों में एक भालू का शिकार किया गया है।
इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए वन अमले ने तुरंत जांच शुरू की और संदेह के आधार पर जोबरो निवासी पंकज और लाखन के घरों की तलाशी ली। तलाशी के दौरान अधिकारियों के होश उड़ गए जब उनके घरों से भालू के अंग बरामद हुए। पूछताछ के दौरान दोनों ने शिकार में शामिल अपने एक अन्य साथी मिट्टू का नाम भी उगल दिया। इसके बाद टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मिट्टू को भी हिरासत में ले लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी मिट्टू ने न केवल अपना जुर्म स्वीकार किया, बल्कि उस स्थान की भी जानकारी दी जहां भालू का शव छिपाया गया था।
वन अमला जब बताए गए स्थान पर पहुंचा, तो वहां मृत भालू का शव बरामद हुआ। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तीन पशु चिकित्सकों की एक विशेष टीम बुलाई गई, जिनकी उपस्थिति में शव का परीक्षण (पोस्टमार्टम) किया गया। फॉरेंसिक जांच के लिए शव के नमूने लैब भेजे गए हैं, ताकि मौत के कारणों और शिकार के तरीकों की पुख्ता जानकारी मिल सके। इसके बाद नियमानुसार भालू के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
इस मामले में गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान मिट्टू राठिया (39 वर्ष, निवासी जोबरो), पंकज साहू (37 वर्ष, निवासी पडिगांव) और लखन पटेल (52 वर्ष, निवासी देवगांव) के रूप में हुई है। इन सभी के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शिकारियों का यह गिरोह लंबे समय से सक्रिय हो सकता है, जिसकी विस्तृत जांच की जा रही है। फरार चल रहे तीन अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।





