बिलासपुर। अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के मामले में विशेष न्यायालय ने दो आरोपियों को दोषी ठहराते हुए एक-एक साल के कठोर कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई है। आरोपियों में एक वाहन चालक और दूसरा वाहन मालिक बताया गया है। अदालत ने खान और खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम के प्रावधानों के उल्लंघन पर दोनों पर अलग से 25-25 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।

मामला 16 अक्टूबर 2025 का है। अभियोजन के अनुसार, जलेश्वर कश्यप और अमर कुमार केंवट सुबह करीब साढ़े आठ बजे नदी के प्रतिबंधित क्षेत्र से कथित तौर पर अवैध रूप से रेत निकालकर बिना वैध अनुज्ञप्ति या खनन पट्टे के उसका परिवहन कर रहे थे। खनिज निरीक्षक राजू यादव ने कार्रवाई करते हुए रेत से भरे वाहन को जब्त किया था। इसके बाद मामला विशेष न्यायालय, खान और खनिज के समक्ष पहुंचा।

मामले की सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश खान और खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957, बिलासपुर, सिराजुद्दीन कुरैशी ने दोनों आरोपियों को भारतीय न्याय संहिता की धारा 303(2) सहपठित धारा 3(5) के तहत दोषी माना। अदालत ने दोनों को एक-एक वर्ष के कठोर कारावास और 1,000-1,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना जमा नहीं करने पर 15 दिन का अतिरिक्त कठोर कारावास भुगतने का आदेश दिया गया।

इसके अलावा अदालत ने खान और खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 की धारा 4(1) और 4(1-क) के उल्लंघन के लिए धारा 21 के तहत दोनों आरोपियों पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। इस जुर्माने की राशि जमा नहीं करने पर भी 15 दिन के अतिरिक्त कठोर कारावास का प्रावधान किया गया है।

छत्तीसगढ़ में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के खिलाफ प्रशासन की ओर से अलग-अलग जिलों में कार्रवाई जारी है। धमतरी जिले में महानदी समेत विभिन्न क्षेत्रों में कार्रवाई के दौरान 5 जेसीबी, 10 हाईवा और 32 ट्रैक्टर समेत 47 वाहन जब्त किए जाने की जानकारी सामने आई है। अवैध डंपिंग यार्ड के खिलाफ भी कार्रवाई की गई है।

मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (MCB) जिले के ओदारी नदी क्षेत्र में कार्रवाई के दौरान 9 हाईवा और एक चैन माउंटेन मशीन जब्त की गई। प्रशासन की ओर से ड्रोन सर्वे के जरिए अवैध भंडारण की निगरानी कर संबंधित लोगों को नोटिस भी जारी किए गए हैं।

रायगढ़ में वन विभाग की टीम ने अवैध रेत परिवहन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 12 ट्रैक्टर जब्त किए हैं। वहीं, पेंड्रा क्षेत्र में कार्रवाई के दौरान ग्रामीणों और विभागीय टीम के बीच विवाद की स्थिति सामने आने की जानकारी भी है।

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (GPM) जिले में स्थानीय लोगों और सीएम हेल्पलाइन से प्राप्त शिकायतों के आधार पर कलेक्टर के निर्देश पर खनिज विभाग ने कार्रवाई की। कोलबिर्रा (कोटमी) क्षेत्र में अरपा और सोन नदी के घाटों से बिना अनुमति रेत परिवहन करते पाए गए पांच ट्रैक्टर जब्त किए गए और उन्हें कोटमी पुलिस चौकी की सुपुर्दगी में दिया गया।

इसी तरह पथर्रा, मटियाडाड़ और सिवनी क्षेत्रों में कार्रवाई के दौरान अवैध रेत परिवहन में इस्तेमाल किए जा रहे चार अन्य ट्रैक्टर और गिट्टी-रेत परिवहन कर रहे एक हाईवा को भी जब्त किया गया।

अवैध खनन पर निगरानी के लिए प्रशासन ड्रोन मैपिंग और मैदानी निरीक्षण जैसी तकनीकों का इस्तेमाल कर रहा है। सरकार की ओर से नदियों के पारिस्थितिक तंत्र को प्रभावित करने वाले अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ कार्रवाई जारी रखने की बात कही गई है।