Lakshmi Puja 2026 Diwali 2026/रायपुर। आज 8 नवंबर, रविवार को देशभर में दीपावली का त्योहार श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है।

दिवाली की रात मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा का विशेष महत्व है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन विधि-विधान से पूजा-अर्चना करने पर घर में सुख-समृद्धि आती है और मां लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है। यही वजह है कि भक्त इस दिन विशेष रूप से लक्ष्मी पूजन की तैयारी करते हैं।

लक्ष्मी पूजन के दौरान फूल, फल और विभिन्न प्रकार की पूजन सामग्री अर्पित की जाती है।Lakshmi Puja 2026 Diwali 2026

Lakshmi Puja 2026 Diwali 2026/लेकिन धार्मिक मान्यताओं में कुछ ऐसी चीजों का भी उल्लेख है, जिन्हें मां लक्ष्मी की पूजा में चढ़ाना उचित नहीं माना जाता। ऐसे में दिवाली पर पूजा करते समय इन बातों का ध्यान रखना जरूरी है। आइए जानते हैं, किन सात चीजों को लक्ष्मी पूजन में अर्पित करने से बचने की मान्यता है।

1. तुलसी के पत्ते और मंजरी

भगवान विष्णु की पूजा में तुलसी का विशेष महत्व माना जाता है, लेकिन धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मां लक्ष्मी की पूजा में तुलसी के पत्ते या मंजरी अर्पित नहीं किए जाते। इसलिए दिवाली पर लक्ष्मी पूजन की सामग्री तैयार करते समय तुलसी को अलग रखना चाहिए।

2. सफेद रंग के फूल

मां लक्ष्मी की पूजा में लाल, गुलाबी और पीले रंग के फूल चढ़ाना शुभ माना जाता है। कमल, गुलाब और गेंदे के फूल विशेष रूप से अर्पित किए जाते हैं। वहीं, कुछ धार्मिक मान्यताओं में सफेद रंग के फूल जैसे चंपा, रातरानी, मोगरा, चांदनी और तगर चढ़ाने से बचने की सलाह दी जाती है।

3. आंकड़े का फूल

आंकड़े के फूल का इस्तेमाल मुख्य रूप से भगवान शिव की पूजा में किया जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, मां लक्ष्मी की पूजा में इस फूल को अर्पित नहीं करना चाहिए। इसलिए लक्ष्मी पूजन के लिए फूलों का चयन करते समय इसका ध्यान रखें।

4. कनेर का फूल

लक्ष्मी पूजन में कनेर के फूल का इस्तेमाल करने से बचने की मान्यता है। कनेर के पौधे के फूल, पत्ते और अन्य हिस्से विषैले हो सकते हैं। इसलिए पूजा सामग्री में इसे शामिल करने से परहेज करने की सलाह दी जाती है।

5. दुर्वा घास

भगवान गणेश की पूजा में दुर्वा का विशेष महत्व है। गणपति को दुर्वा अर्पित करना शुभ माना जाता है, लेकिन मां लक्ष्मी की पूजा में इसे चढ़ाने की परंपरा नहीं है। इसलिए लक्ष्मी और गणेश की संयुक्त पूजा करते समय दोनों के लिए अलग-अलग पूजन सामग्री रखना उचित माना जाता है।Lakshmi Puja 2026 Diwali 2026

6. बासी या मुरझाए हुए फूल

मां लक्ष्मी की पूजा में हमेशा ताजे और खिले हुए फूलों का इस्तेमाल करना चाहिए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सूखे, मुरझाए हुए, कटे-फटे या कीड़े लगे फूल पूजा में अर्पित नहीं करने चाहिए। पूजा में स्वच्छ और ताजी सामग्री का विशेष महत्व माना जाता है।

7. काले या गहरे नीले रंग के कपड़े

दिवाली पर लक्ष्मी पूजन के दौरान पहनावे का भी ध्यान रखने की परंपरा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पूजा के समय काले या गहरे नीले रंग के कपड़े पहनने से बचना चाहिए। इसके स्थान पर लाल, पीले या गुलाबी रंग के वस्त्र पहनना शुभ माना जाता है।

दिवाली पर मां लक्ष्मी की पूजा करते समय स्वच्छता, श्रद्धा और विधि-विधान का विशेष ध्यान रखें। ये नियम धार्मिक मान्यताओं और परंपराओं पर आधारित हैं। अलग-अलग क्षेत्रों और पूजा पद्धतियों में पूजन सामग्री से जुड़े नियमों में अंतर भी हो सकता है।