ChhattisgarhBilaspur

गदगद हुए किसान— पहले ही दिन रिकॉर्ड तोड़ खरीदी.. विधायक कौशिक तौला धान…और कही यह बात

बिलासपुर… प्रदेश में 15 नवंबर से प्रारंभ हुए धान खरीदी सत्र ने जिले के सभी उपार्जन केंद्रों में रफ्तार पकड़ ली है। खरीदी केंद्रों पर व्यवस्था सुचारू है और किसानों को किसी प्रकार की समस्या का सामना नहीं करना पड़ रहा। टोकन प्रक्रिया, तौल व्यवस्था, बारदाना उपलब्धता और कर्मचारियों का सहयोग—सब कुछ व्यवस्थित पाया गया।

 किसान संतुष्ट—आज हुई 151 क्विंटल धान खरीदी

सेंदरी सेवा सहकारी समिति में ग्राम कछार के किसान संतोष पटेल ने बताया कि वे इस वर्ष 19 क्विंटल धान लेकर पहुंचे और पूरी प्रक्रिया बिना किसी बाधा के संपन्न हुई। उन्होंने कहा कि केंद्र में बारदाना उपलब्ध है, कर्मचारी सहयोगी हैं और सुविधा व्यवस्था पहले से बेहतर है।

छोटे किसान संतोष पटेल, जो 90 डिसीमिल में खेती के साथ अधिया की जमीन पर भी खेती करते हैं, ने कहा कि समर्थन मूल्य 3100 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित होने से उन्हें वास्तविक लाभ हो रहा है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, किसान क्रेडिट कार्ड, फसल बीमा योजना जैसी योजनाएँ उनकी खेती को सुरक्षित और स्थिर बना रही हैं। सेंदरी केंद्र में आज 151 क्विंटल धान खरीदा गया, जबकि 18 नवंबर के लिए 10 टोकन जारी किए गए हैं, जिनसे लगभग 400 क्विंटल धान खरीदा जाएगा।

कड़ार केंद्र में विधायक कौशिक ने किया शुभारंभ

इसी क्रम में बिल्हा विकासखण्ड के ग्राम कड़ार में विधायक धरमलाल कौशिक ने धान खरीदी अभियान का विधिवत शुभारंभ किया। उन्होंने दो किसानों से 134 क्विंटल धान की खरीदी कराई और उन्हें तिलक व पुष्पमाला पहनाकर सम्मानित किया।

अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली सरकार किसानों की हर समस्या को गंभीरता से समझती है। सरकार 21 क्विंटल प्रति एकड़ की सीमा में किसानों का एक-एक दाना धान खरीदने के लिए वचनबद्ध है। उन्होंने यह भी कहा कि समर्थन मूल्य के भुगतान के बाद कृषक उन्नति योजना के तहत मिलने वाली प्रोत्साहन राशि भी जल्द उपलब्ध कराई जाएगी। विधायक कौशिक ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि केंद्रों में छाया, पानी और बैठने की व्यवस्था बेहतर रखी जाए।

140 केंद्रों में खरीदी जारी, प्रशासन ने की व्यापक व्यवस्था

जिले में कुल 140 धान उपार्जन केंद्र संचालित हैं, जहाँ खरीदी प्रक्रिया तेज़ी से जारी है। सेंदरी केंद्र को आदर्श केंद्र माना जाता है, और कड़ार केंद्र में शुभारंभ के साथ खरीदी कार्य और तेज होने की उम्मीद है। जिला प्रशासन ने सभी केंद्रों पर सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की है ताकि किसी भी किसान को असुविधा न हो।

Back to top button
casibomcasibomcasibomjojobetcasibomcasibomjojobetsahabetcasibomcasibommarsbahiscasibomgrandpashabetonwinpusulabetmarsbahiscasinolevant