CG News: बिलासपुर। छत्तीसगढ़ बिलासपुर जिले के बिल्हा क्षेत्र के ग्राम सेवती में बिजली तार टूटने की सूचना मिलने के बावजूद लाइन दुरुस्त नहीं की गई।

नतीजा यह हुआ कि 30 वर्षीय किसान कमल दास मानिकपुरी की करंट की चपेट में आने से मौत हो गई। विभाग ने लाइन सहायक पन्ना लाल सारथी को निलंबित कर दिया है।

बरतोरी के जेई रोशन श्रीवास को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। जवाब पेश करने के लिए 15 दिन की मोहलत दी है।

हादसे की जांच रिपोर्ट एई ने कार्यपालन अभियंता अनुपम सरकार को 8 अक्टूबर को सौंपी। इसमें बताया गया कि 30 सितंबर दोपहर 3.11 बजे एक व्यक्ति ने 33/11 केवी उपकेंद्र बरतोरी के ऑपरेटर सुमेर कुमार वर्मा को फोन पर तार टूटने की सूचना दी थी।

ऑपरेटर ने शिकायत फ्यूज ऑफ कॉल रजिस्टर में दर्ज की और बरतोरी वितरण केंद्र के आधिकारिक वाट्सएप ग्रुप में भी साझा की।

इस ग्रुप में लाइन सहायक पन्ना लाल सारथी और जेई रोशन श्रीवास जुड़े हुए थे। इसके बावजूद 4 दिन तक लाइन सुधारने की कार्रवाई नहीं हुई। विभाग ने इसे कर्तव्य निर्वहन में गंभीर लापरवाही माना है।

जांच रिपोर्ट के आधार पर लाइन सहायक पन्ना लाल सारथी को निलंबित कर पचपेड़ी वितरण केंद्र में अटैच कर दिया है। जेई रोशन श्रीवास को शोकॉज नोटिस जारी किया गया है, जवाब पेश करने के लिए डेडउलाइन तय कर दिया है। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर कंपनी के नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।

घटना 30 सितंबर 2026 को दोपहर करीब 3.11 बजे की है। ग्राम सेवती में कोटवार के प्लाट के पास खेत में एलटी लाइन का तार टूटकर गिर गया था। इसी दौरान खेत में मौजूद कमल दास मानिकपुरी करंट की चपेट में आ गया और मौके पर ही मौत हो गई।

परिजनों ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बावजूद किसान का शव 4 दिन तक खेत में पड़ा रहा। ग्रामीणों की सूचना पर 4 अक्टूबर को बिजली विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और पुलिस को घटना की जानकारी दी।

बिजली विभाग के अनुसार, करंट से मौत के मामले में मृतक के परिजनों को 4 लाख रुपए की सहायता राशि देने का प्रावधान है। कमल दास मानिकपुरी के परिवार को पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर सहायता राशि दी जाएगी।