8th Pay Commission: केंद्र सरकार के लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) से जुड़ी एक बहुत बड़ी खुशखबरी आ रही है. अगर कर्मचारी संगठनों के नए प्रस्तावों को सरकार की मंजूरी मिल जाती है, तो आने वाले दिनों में सरकारी कर्मचारियों की सैलरी में अब तक की सबसे ऐतिहासिक बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है.

कर्मचारी यूनियनों की सबसे बड़ी संस्था एनसी-जेसीएम (NC-JCM) ने सरकार के सामने एक नया प्रपोजल रखा है. इस प्रपोजल में सैलरी स्ट्रक्चर को आसान बनाने, पे-स्केल को आपस में मर्ज (मिलाने) करने और मिनिमम बेसिक सैलरी को कई गुना बढ़ाने की सिफारिश की गई है. आइए, समझते हैं कि इस नए प्रस्ताव में कर्मचारियों के लिए क्या-क्या खास है.

ये खबर भी पढ़ें…
2 हज़ार रुपए से ज्यादा के चुनिंदा UPI पेमेंट पर लगेगा MDR, आम यूजर्स के लिए लेनदेन रहेगा पूरी तरह फ्री
2 हज़ार रुपए से ज्यादा के चुनिंदा UPI पेमेंट पर लगेगा MDR, आम यूजर्स के लिए लेनदेन रहेगा पूरी तरह फ्री
दिल्ली।नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एनपीसीआई) ने डिजिटल पेमेंट इकोसिस्टम को लेकर एक बड़ा बदलाव किया है. एनपीसीआई ने घोषणा...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

इस नए प्रस्ताव का सबसे बड़ा और सीधा असर कर्मचारियों की बेसिक सैलरी पर पड़ेगा. कर्मचारी संगठन ने सरकार से 3.83 का फिटमेंट फैक्टर लागू करने की सिफारिश की है.

अगर सरकार इस फिटमेंट फैक्टर (8th Pay Commission) को मान लेती है, तो कर्मचारियों की मौजूदा न्यूनतम बेसिक सैलरी 18,000 रुपये से सीधे बढ़कर 69,000 रुपये महीना हो जाएगी. इससे न सिर्फ मौजूदा कर्मचारियों की सीटीसी (CTC) बढ़ेगी, बल्कि पेंशनर्स को भी तगड़ा फायदा होगा.

ये खबर भी पढ़ें…
Jobs: बागवानी अधिकारी सहित 85 पदों पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी, 6 अक्टूबर से करें आवेदन
Jobs: बागवानी अधिकारी सहित 85 पदों पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी, 6 अक्टूबर से करें आवेदन
Jobs अमरावती। सरकारी नौकरी करने के इच्छुक लोगों के लिए एक बेहतरीन मौका सामने आया है। आंध्र प्रदेश लोक सेवा...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

सालाना इंक्रीमेंट भी 3% से बढ़कर होगा 6%/8th Pay Commission
प्रस्ताव में सिर्फ शुरुआती सैलरी बढ़ाने की बात नहीं है, बल्कि हर साल होने वाली वेतन बढ़ोतरी (Annual Increment) को लेकर भी एक बड़ा सुझाव दिया गया है. अभी सरकारी कर्मचारियों की सैलरी हर साल 3% के हिसाब से बढ़ती है. लेकिन मांग की गई है कि इसे बढ़ाकर सीधे 6% सालाना किया जाए. ऐसा होने से बढ़ती महंगाई और रहन-सहन के खर्च के बीच कर्मचारियों की इन-हैंड सैलरी हर साल तेजी से बढ़ेगी.

पे-मैट्रिक्स का होगा मर्जर, प्रमोशन में आएगी क्लेरिटी
मौजूदा सैलरी सिस्टम को लेकर शिकायत रही है कि यह काफी उलझा हुआ है और अलग-अलग लेवल के बीच बहुत बड़ा अंतर है. इसी को दूर करने के लिए पे-स्केल को मर्ज करने का फॉर्मूला दिया गया है.

ये खबर भी पढ़ें…
लालबागचा राजा के चरणों में पहले दिन आए 48.50 लाख रुपए, एफडीए ने महाप्रसाद और खाद्य सुरक्षा को लेकर जारी किए कड़े निर्देश
लालबागचा राजा के चरणों में पहले दिन आए 48.50 लाख रुपए, एफडीए ने महाप्रसाद और खाद्य सुरक्षा को लेकर जारी किए कड़े निर्देश
मुंबई।देशभर में गणेश उत्सव का पर्व बेहद उत्साह और धूमधाम के साथ मनाया जा रहा है. मुंबई के प्रसिद्ध 'लालबागचा...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

8th Pay Commission/प्रस्ताव के मुताबिक, पे-मैट्रिक्स के निचले और मध्यम लेवल्स (जैसे लेवल 2-3, लेवल 4-5, लेवल 7-8 और लेवल 9-10) को आपस में मिला दिया जाना चाहिए. इससे सैलरी का ढांचा बेहद सरल हो जाएगा. कर्मचारियों को अपने प्रमोशन, करियर ग्रोथ और सैलरी इंक्रीमेंट को लेकर बिल्कुल साफ और स्पष्ट जानकारी मिल सकेगी.

यह बदलाव क्यों है जरूरी और आगे क्या होगा?
कर्मचारी संगठनों का साफ कहना है कि देश में जिस तेजी से कॉस्ट ऑफ लिविंग (रहने का खर्च) बढ़ा है, उसके मुकाबले मौजूदा सैलरी नाकाफी है. इसलिए पे-स्केल का मर्जर, फिटमेंट फैक्टर में बढ़ोतरी और बेहतर सालाना इंक्रीमेंट कर्मचारियों के जीवन स्तर को सुधारने के लिए बेहद जरूरी हैं. कर्मचारियों के लिए यह उम्मीद की बड़ी किरण जरूर है, लेकिन फिलहाल यह सिर्फ एक प्रस्ताव (Proposal) है. इस पर आखिरी मुहर तभी लगेगी जब 8वें वेतन आयोग की फाइनल सिफारिशें सरकार के पास आएंगी और कैबिनेट इसे मंजूरी देगी. अगर ऐसा होता है, तो यह 7वें वेतन आयोग के बाद का सबसे बड़ा सैलरी रिफॉर्म साबित होगा.