बिलासपुर…बिजली के काम के दौरान कर्मचारियों की जान जाने की लगातार सामने आ रही घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। कभी बिजली विभाग की लापरवाही तो कभी ठेकेदारों की चूक के आरोपों के बीच कामगारों की सुरक्षा बड़ा मुद्दा बनती जा रही है। हिर्री, कुरेली और रतनपुर से जुड़े तीन अलग-अलग मामलों को पुलिस प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण मधुलिका सिंह ने तीनों घटनाओं की जांच के आदेश देते हुए स्पष्ट किया है कि जांच में जिसकी भी लापरवाही सामने आएगी, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

मधुलिका सिंह ने कहा कि पिछले कुछ समय से बिजली के कामकाज के दौरान कर्मचारियों की मौत की घटनाएं सामने आ रही हैं। यह गंभीर विषय है। कामगार अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए काम करते हैं, ऐसे में उनकी जान की सुरक्षा सुनिश्चित करना विभाग और ठेकेदारों की जिम्मेदारी है। किसी भी स्तर पर लापरवाही को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

उन्होंने बिजली विभाग और ठेकेदारों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि बिजली से जुड़े काम के दौरान सुरक्षा के सभी जरूरी इंतजाम पुख्ता रखें। विशेष रूप से ठेकेदार यह सुनिश्चित करें कि कामगारों को पर्याप्त सुरक्षा उपकरण उपलब्ध हों और काम के दौरान सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन किया जाए।

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने चेतावनी दी कि किसी भी शिकायत अथवा जांच में लापरवाही सामने आने पर संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी। तीनों मामलों की जांच के आदेश इसी दिशा में उठाया गया कदम हैं। अब देखना होगा कि जांच में किनकी जिम्मेदारी तय होती है और कामगारों की सुरक्षा को लेकर व्यवस्था में कितना सुधार आता है।