बिलासपुर…तारबाहर पुलिस ने रेलवे अस्पताल के पास मॉर्निंग वॉक पर निकले एक व्यक्ति पर हुए जानलेवा हमले का सनसनीखेज खुलासा करते हुए हत्या की साजिश में शामिल दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया कि हमलावरों को हत्या के बदले पांच-पांच लाख रुपये देने का लालच दिया गया था। मामले का मुख्य आरोपी और उसका एक साथी अब भी फरार हैं।

पुलिस के अनुसार, 4 जुलाई की सुबह रेलवे अस्पताल के पास मॉर्निंग वॉक कर रहे श्याम कश्यप पर तीन नकाबपोश युवकों ने डंडों से हमला कर दिया। हमलावरों ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और सिर, हाथ व पैरों पर ताबड़तोड़ वार कर फरार हो गए।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देश पर तारबाहर पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई। मोटरसाइकिल की पहचान होने के बाद पुलिस नितिन टेकाम और एक विधि से संघर्षरत बालक तक पहुंची।

पूछताछ में खुलासा हुआ कि गौरेला निवासी दीपक तिवारी ने बिलासपुर के एक व्यक्ति की हत्या करने के एवज में पांच-पांच लाख रुपये देने का लालच दिया था। उसके कहने पर नितिन टेकाम, साहिल सोनकर और एक अपचारी बालक बिलासपुर पहुंचे। पुलिस के मुताबिक, दीपक तिवारी ने मौके पर मौजूद रहकर श्याम कश्यप की पहचान कराई और इशारा करते हुए कहा कि “यही वह व्यक्ति है, जिसका काम तमाम करना है।” इसके बाद आरोपियों ने डंडों से हमला कर फरार हो गए।

पुलिस ने घटना में प्रयुक्त लकड़ी का डंडा, मोटरसाइकिल और एक मोबाइल फोन जब्त कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी नितिन टेकाम को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है, जबकि अपचारी बालक को बाल न्यायालय में पेश किया गया। मामले में आपराधिक षड्यंत्र और हत्या के प्रयास की धाराएं भी जोड़ दी गई हैं।

मुख्य आरोपी दीपक तिवारी और साहिल सोनकर अभी फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार प्रयास दे रही है।