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Bilaspur

सीवी रमन यूनिवर्सिटी में रहस्य: हॉस्टल से छात्र गायब, कमरे में मिला 40 लाख का हिसाब

गेमिंग, बेटिंग और गायब छात्र: सीवी रमन यूनिवर्सिटी हॉस्टल से निकली चौंकाने वाली कहानी

बिलासपुर…कोटा स्थित सीवी रमन यूनिवर्सिटी का छात्रावास एक बार फिर सवालों के घेरे में है। बिहार के गया निवासी 19 वर्षीय छात्र रोहित कुमार के अचानक लापता होने के बाद पुलिस जांच में ऐसे तथ्य सामने आए हैं जिन्होंने पूरे घटनाक्रम को रहस्यमय बना दिया है। छात्र के कमरे से ऑनलाइन गेमिंग से जुड़े नोट्स, करीब 40.77 लाख रुपये के हिसाब-किताब वाली नोटबुक और बिना सिम कार्ड का मोबाइल फोन मिलने के बाद जांच अब पैसों के लेन-देन और ऑनलाइन बेटिंग के एंगल पर केंद्रित हो गई है।

6 मार्च की शाम के बाद से गायब

कोटा थाना में 7 मार्च को गुम इंसान प्रकरण दर्ज किया गया।रोहित कुमार पिता अमरेन्द्र कुमार, निवासी महावीर कॉलोनी संगम चौक, गया बिहार, सीवी रमन यूनिवर्सिटी के छात्रावास में रहकर पढ़ाई कर रहा था। जानकारी के अनुसार 6 मार्च 2026 को शाम करीब चार बजे के बाद से वह हॉस्टल से लापता है। छात्रावास प्रभारी की सूचना के बाद पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर जांच शुरू की।

कमरे की तलाशी में खुला नया एंगल

जांच के दौरान जब पुलिस ने रोहित के कमरे की तलाशी ली तो कई ऐसे दस्तावेज सामने आए जिनसे मामला अचानक नया मोड़ लेता दिखा। कमरे से एक मोबाइल फोन मिला जिसमें सिम कार्ड नहीं था। इसके अलावा ऑनलाइन गेमिंग से जुड़े नियम लिखे हुए कागजात और एक नोटबुक भी बरामद हुई, जिसमें करीब 40 लाख 77 हजार रुपये के लेन-देन का हिसाब दर्ज बताया जा रहा है। दस्तावेजों में कई लोगों के साथ पैसों के लेन-देन का रिकॉर्ड दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।

नहीं पहुंचा मां को भेजा

जांच के दौरान यह भी पता चला कि रोहित के मोबाइल से उसकी मां को स्वेच्छा से कहीं जाने का एक संदेश भेजा गया था, लेकिन वह संदेश डिलीवर ही नहीं हुआ। यह तथ्य भी जांच को और उलझाता नजर आ रहा है।

दोस्तों से खुली ऑनलाइन गेमिंग की परत

छात्रावास में रहने वाले छात्रों और रोहित के परिचितों से पूछताछ में यह जानकारी सामने आई कि वह ऑनलाइन गेमिंग में सक्रिय था और कई लोगों से पैसों का लेन-देन करता था। घटना वाले दिन भी उसने कुछ साथियों से कैश में पैसे मांगे थे और कहा था कि वह यूपीआई के जरिए तुरंत लौटा देगा।

बैंक खाते में लाखों का ट्रांजेक्शन

तकनीकी जांच में पुलिस ने उसके बैंक खाते की जानकारी भी खंगाली। प्रारंभिक जांच में करीब 7 लाख रुपये के ट्रांजेक्शन सामने आए हैं, जिनमें अलग-अलग लोगों और ऐप्स के माध्यम से पैसे लेने-देने की जानकारी दर्ज है।

CCTV खंगालने से सर्च ऑपरेशन तक

छात्र की तलाश के लिए यूनिवर्सिटी और आसपास के कई स्थानों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। जांच के दायरे में यूनिवर्सिटी गेट, मोबाइल नाका चौक, खत्री इंटरप्राइजेस, एक स्कूल परिसर, यूको बैंक एटीएम और पेट्रोल पंप जैसे स्थानों के कैमरे शामिल किए गए हैं। इसके अलावा डॉग स्क्वाड की मदद से छात्रावास से कोटा रेलवे स्टेशन तक सर्च ऑपरेशन भी चलाया गया।

परिवार को थी बेटिंग की जानकारी

जांच में यह तथ्य भी सामने आया है कि रोहित के भाई-बहन को उसके ऑनलाइन बेटिंग में पैसे लगाने और हारने की जानकारी थी। पुलिस इस एंगल से भी पूरे मामले की पड़ताल कर रही है।

यूनिवर्सिटी प्रबंधन पर भी उठे सवाल

एक छात्र के इस तरह अचानक लापता होने और उसके कमरे से भारी रकम के हिसाब-किताब से जुड़े दस्तावेज मिलने के बाद यूनिवर्सिटी परिसर की निगरानी व्यवस्था और हॉस्टल प्रबंधन की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे हैं। पुलिस ने इस मामले में यूनिवर्सिटी प्रबंधन से भी जवाब मांगा है।


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Bhaskar Mishra

पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग 16 साल का अनुभव।विभिन्न माध्यमों से पत्रकारिता के क्षेत्र मे काम करने का अवसर मिला।यह प्रयोग अब भी जारी है।कॉलेज लाइफ के दौरान से पत्रकारिता से गहरा जुड़ाव हुआ।इसी दौरान दैनिक समय से जुडने का अवसर मिला।कहानी,कविता में विशेष दिलचस्पी ने पहले तो अधकचरा पत्रकार बनाया बाद में प्रदेश के वरिष्ठ और प्रणम्य लोगों के मार्गदर्शन में संपूर्ण पत्रकारिता की शिक्षा मिली। बिलासपुर में डिग्री लेने के दौरान दैनिक भास्कर से जु़ड़ा।2005-08 मे दैनिक हरिभूमि में उप संपादकीय कार्य किया।टूडे न्यूज,देशबन्धु और नवभारत के लिए रिपोर्टिंग की।2008- 11 के बीच ईटीवी हैदराबाद में संपादकीय कार्य को अंजाम दिया।भाग दौड़ के दौरान अन्य चैनलों से भी जुडने का अवसर मिला।2011-13 मे बिलासपुर के स्थानीय चैनल ग्रैण्ड न्यूज में संपादन का कार्य किया।2013 से 15 तक राष्ट्रीय न्यूज एक्सप्रेस चैनल में बिलासपुर संभाग व्यूरो चीफ के जिम्मेदारियों को निभाया। 1998-2000 के बीच आकाशवाणी में एनाउँसर-कम-कम्पियर का काम किया।वर्तमान में www.cgwall.com वेबपोर्टल में संपादकीय कार्य कर रहा हूं।
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