बिलासपुर… विजयादशमी पर रक्षित आरक्षी केंद्र में शस्त्रों की पूजा हुई, वैदिक मंत्र गूंजे और छत्तीसगढ़ पुलिस के जयघोष के साथ कर्तव्य के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई गई। यह आयोजन केवल वर्षों से चली आ रही परंपरा का निर्वहन नहीं था, बल्कि कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी निभाने वाले पुलिस बल के लिए अपने दायित्वों और संकल्प को दोहराने का अवसर भी बना। उप पुलिस महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने अपनी धर्मपत्नी के साथ विधि-विधान से शस्त्र पूजन किया। इस दौरान जिले में शांति, सुरक्षा, भाईचारे और सामाजिक सौहार्द की कामना की गई।

रक्षित आरक्षी केंद्र में शस्त्रों को सुसज्जित कर माता दुर्गा की प्रतिमा स्थापित की गई। वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक अनुष्ठानों के बीच पूजा-अर्चना संपन्न हुई। उपस्थित पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने भी अनुष्ठान में सहभागिता निभाई। विजयादशमी पर अधर्म पर धर्म और असत्य पर सत्य की विजय की मान्यता के बीच पुलिस परिवार ने सुरक्षित और शांतिपूर्ण बिलासपुर के संकल्प को प्रमुखता दी।

प्रतीकात्मक बलि, फिर गूंजा जयघोष

परंपरा के अनुरूप रजनेश सिंह ने कुम्हड़े यानी रखिया की प्रतीकात्मक बलि अर्पित की। इसके बाद देवी-देवताओं के जयकारों के बीच उन्होंने छत्तीसगढ़ पुलिस का जयघोष किया। आयोजन में धार्मिक आस्था और पुलिस की परंपरा का संगम दिखाई दिया।

शस्त्र पूजन की रस्म पूरी होने के बाद रजनेश सिंह ने इंसास राइफल से हवाई राउंड फायर किया। अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भी परंपरानुसार हवाई फायर किया। इसके बाद पुलिस वाहनों का विधिवत पूजन किया गया। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रसाद वितरित किया गया।

पुलिस लाइन से थानों तक निभाई गई परंपरा

विजयादशमी के अवसर पर केवल रक्षित आरक्षी केंद्र ही नहीं, बल्कि जिले के विभिन्न थानों में भी शस्त्र पूजन किया गया। पुलिस के राजपत्रित अधिकारियों और थाना प्रभारियों ने अपने-अपने कार्यस्थलों पर परंपरानुसार पूजा-अर्चना की। आयोजन के माध्यम से जिले में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के दायित्व को भी रेखांकित किया गया।

इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने मीडिया के माध्यम से जिलेवासियों और पुलिस परिवार को विजयादशमी की शुभकामनाएं दीं। आयोजन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) पंकज पटेल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) मधुलिका सिंह, उप पुलिस अधीक्षक (लाइन) मंजुलता केरकेट्टा, नगर पुलिस अधीक्षक परमेश्वर तिलकवार, तिलेश्वर यादव और राजेश जोशी सहित जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में एसडीओपी नूपुर उपाध्याय, उप पुलिस अधीक्षक शिवचरण सिंह परिहार, अनीता प्रभा मिंज और सुदीप सरकार, रक्षित निरीक्षक भूपेंद्र कुमार गुप्ता, निरीक्षक प्रदीप आर्य, मानकुंवर सिदार और किशोर केंवट सहित पुलिस अधिकारी-कर्मचारी, प्रशिक्षु उप निरीक्षक, नव आरक्षक तथा विभिन्न मीडिया संस्थानों के प्रतिनिधि भी शामिल हुए।

विजयादशमी का यह आयोजन पुलिस की पारंपरिक शस्त्र पूजा, धार्मिक आस्था और जनसुरक्षा के दायित्व को एक साथ सामने लाया। पूजा-अर्चना के साथ व्यक्त की गई शांति और सुरक्षा की कामना का वास्तविक अर्थ भी यही है कि त्योहारों की उमंग के बीच शहर में कानून-व्यवस्था, आपसी सद्भाव और नागरिकों की सुरक्षा बनी रहे।