ड्राइवरों के लिए नया नियम: नेम प्लेट, आईडी बैज और वर्दी पहनना अनिवार्य..होगी सख्त कार्रवाई

बिलासपुर…सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण और यातायात नियमों के पालन को लेकर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देशन में बिलासपुर यातायात पुलिस ने जिले के भारी वाहन चालकों की विशेष बैठक आयोजित की। बैठक अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रामगोपाल करियारे के मार्गदर्शन में यातायात मुख्यालय में हुई । जिले के पंजीकृत ट्रक और बस ड्राइवर शामिल हुए।
बैठक में सड़क सुरक्षा और दुर्घटनाओं की रोकथाम को लेकर चालकों को कई महत्वपूर्ण निर्देश और चेतावनियाँ दी गईं। यातायात पुलिस ने साफ किया कि नशे में गाड़ी चलाने वालों, ओवरलोडिंग और तेज रफ्तार गाड़ियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
मुख्य निर्देश और चर्चा के बिंदु
वाहन चालक नशे में या थकान की हालत में वाहन न चलाएं। रात्रि में गाड़ी चलाने से पहले पर्याप्त आराम करें, झपकी आने की स्थिति से बचें। सड़क किनारे वाहन खड़ा करने से बचें, ब्रेकडाउन की स्थिति में रिफ्लेक्टर कोन का उपयोग करें। वाहन में सभी जरूरी दस्तावेज रखें और निर्धारित क्षमता से अधिक भार न ढोएं। ओवरटेकिंग और तेज रफ्तार पर पूर्ण प्रतिबंध। पुलिस चेकिंग में सहयोग और चालान से बचने के लिए नियमों का पालन।दुर्घटना के समय घायल व्यक्तियों को तुरंत अस्पताल पहुँचाने में सहयोग करें।
आईडी कार्ड और ड्रेस कोड अनिवार्य
यातायात पुलिस ने बैठक में यह भी स्पष्ट किया कि अब जिले के सभी भारी वाहन चालकों के लिए आईडी कार्ड और परिवहन विभाग द्वारा निर्धारित वर्दी पहनना अनिवार्य होगा। साथ ही, हर ड्राइवर को अपने नाम की नेम प्लेट और पहचान बिल्ला पहनना होगा।
बैठक में यह भी कहा गया कि यदि किसी चालक का पहचान बिल्ला खो जाए, तो उसे तुरंत संबंधित पुलिस थाने में इसकी जानकारी देनी होगी।
‘यातायात मितान’ बनने की अपील
पुलिस ने सभी चालकों से आग्रह किया कि वे सड़क सुरक्षा में सहयोगी की भूमिका निभाएं और ‘यातायात मितान’ बनकर सड़क पर दुर्घटनाओं की रोकथाम और जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आएं।
नशे में गाड़ी चलाने वालों पर सख्त कार्रवाई
चालक संघ के पदाधिकारियों ने भी यातायात पुलिस के साथ एकमत होकर कहा कि जो भी चालक नशे की हालत में वाहन चलाकर सड़क हादसों को जन्म देते हैं, उन पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।