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बजट में राहत नहीं आहत की दस्तक..पूर्व विधायक ने कहा…बिलासपुर निगम, बेरोगजगारों को छला गया..गरीब को पेश किया जुमला वाला बजट
25 साल के 25 जुमलें वाला बजट, युवाओं को नशेड़ी बनाने की तैयारी

बिलासपुर—राज्य सरकार ने प्रदेश का 25 वां बजट पेश किया। वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने वर्तमान भाजपा सरकार मेें अपना दूसरा बजट जनता के सामने रखा। बजट को लेकर लोगों की अपनी अपनी प्रतिक्रिया है। नगर पूर्व विधायक शैलेष पाण्डेय ने भाजपा सरकारी की बजट जुमला बताया। उन्होने् कि एक बार फिर राज्य सरकार ने प्रदेश की जनता के साथ छलावा किया है। 25 साल के छत्तीसगढ़ में सरकार ने 25 जुमला वाला बजट पेश किया है ।
बजट पेश होने के बाद पूर्व विधायक शैलेष पाण्डेय ने कहा कि बजट से आम आदमी गरीब किसान महिलाओं को गायब कर दिया गया है। जब से प्रदेश में भाजपा की सरकार बनी है स्कूल और महाविद्यालय के उन्नयन के लिए बजट में कोई प्रावधान नहीं किया जा रहा है। बजट में हमेशा की तरह भाजपा का जुमला नजर आ रहा है। राज्य की जनता को प्रदेश सरकार ने 25 बजट का जुमला पेश किया है।
शैलेष पाण्डेय ने बताया कि प्रदेश की आर्थिक प्रग, युवाओं तथा महिलाओं को नौकरी का बजट में कोई प्रावधान नहीं है। बिलासपुर नगर निगम को बजट में क्या मिला बिलासपुर जिले के लिए कितनी राशि बजट में आवंटित है..इसका कोई उल्लेख नहीं है। पूर्व विधायक ने कहा है कि प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने 4 साल में अपने बजट में अरपा के सौंदरीकरण के लिए बड़ी राशि बजट में शामिल किया था । लेकिन भाजपा सरकार की बजट में अरपा प्रोजेक्ट के लिए कोई राशि नहीं है।
बिलासपुर जिले में नगर पालिका नगर निगम में विकास कर के लिए बजट में कोई प्रावधान नहीं है। आदिवासी मुख्यमंत्री की सरकार ने आदिवासियों के लिए कुछ नहीं दिया है। बजट में आंगनबाड़ी, स्वास्थ्य के क्षेत्र में महिलाओं को रोजगार को लेकर बजट में कुछ भी नहीं है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं का मानदेय भी नहीं बढ़ाया गया है। एक बार फिर प्रदेश सरकार ने आम जनता को राहत देने के बजाय आहत करने वाला बजट पेश किया है। जनता को झुनझुना थमा दिया है।
बजट में महंगाई कम करने और रोजगार के लिए कोई प्रावधान नहीं है। शैलेश पांडे ने बताया कि नशाबंदी की बात करने वाली भाजपा सरकार ने विदेशी शराब में टैक्स कम क्यों किया । अब युवा नशे की ओर बढ़ेंगे और अपराध में इजाफा होगा। जब से भाजपा सरकार आई है अपराध लगातार बढ़ते जा रहा हैं। सरकार के बजट से अमीर और अमीर और गरीब और गरीब होंगे। बस्तर फाइटर की भर्ती के बजाय राज्य सरकार को पुलिस विभाग में रिक्त पदों पर बड़ी भरती करनी चाहिए। बस्तर को छोड़कर अन्य जिलों के युवाओं के साथ राज्य सरकार के बजट में छलावा किया गया है।
पुलिस विभाग और शासन के विभिन्न विभागों में रिक्त पदों पर भारती के लिए बजट में कोई प्रावधान नहीं है। औद्योगिक क्षेत्र में कोई प्रावधान नहीं है। राहत की बजाय, राज्य सरकार ने गरीबों को आहत करने वाला बजट पेश किया है।





