रायपुर।छत्तीसगढ़ सिविल सोसायटी ने राज्य के सभी ‘राज्य अलंकरण’ से सम्मानित विभूतियों और युवाओं को सरकारी सेवाओं की सीधी भर्ती में अधिकतम आयु सीमा में पांच वर्ष की एकसमान छूट देने की मांग की है।

इस संबंध में सोसायटी के संयोजक डॉ. कुलदीप सोलंकी ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को पत्र लिखकर आगामी कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव पर निर्णय लेने का आग्रह किया है।

डॉ. सोलंकी के मुताबिक, राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कार प्राप्त युवाओं को सरकारी नौकरियों में आयु सीमा में छूट का लाभ मिलता है, जबकि राज्य के प्रतिष्ठित अलंकरणों से सम्मानित प्रतिभाओं को ऐसी सुविधा नहीं मिलती। सोसायटी का कहना है कि इस अंतर को दूर कर राज्य के सभी क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लोगों को सरकारी सेवा में अवसर मिलना चाहिए।

छत्तीसगढ़ में राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर हर साल विधि, चिकित्सा, साहित्य, कला, पत्रकारिता, खेल, कृषि और सामाजिक चेतना सहित लगभग 34 क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान देने वाली हस्तियों को राज्य अलंकरण से सम्मानित किया जाता है।

इनमें बैरिस्टर ठाकुर छेदीलाल सम्मान, पंडित सुंदरलाल शर्मा सम्मान, दाऊ मंदराजी सम्मान, चंदूलाल चंद्राकर स्मृति पत्रकारिता पुरस्कार, धन्वंतरि सम्मान, गुण्डाधुर सम्मान, मिनीमाता सम्मान और डॉ. खूबचंद बघेल सम्मान जैसे प्रतिष्ठित पुरस्कार शामिल हैं। सोसायटी के अनुसार, इन पुरस्कारों के साथ सम्मानित व्यक्तियों को मुख्य रूप से पुरस्कार राशि और प्रशस्ति पत्र मिलता है, जबकि सरकारी नौकरियों में आयु सीमा की अतिरिक्त छूट जैसी सुविधा उपलब्ध नहीं है।

ज्ञापन में सामान्य प्रशासन विभाग के एक दिसंबर 2006 के पत्र का भी हवाला दिया गया है। सोसायटी के अनुसार, उस समय शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार, गुण्डाधुर सम्मान, महाराजा प्रवीरचन्द्र भंजदेव सम्मान और राष्ट्रीय युवा पुरस्कार प्राप्त खिलाड़ियों एवं युवाओं को सरकारी नौकरियों में अधिकतम आयु सीमा में पांच वर्ष की छूट देने का प्रावधान किया गया था। सोसायटी का तर्क है कि यह लाभ कुछ चुनिंदा पुरस्कारों तक सीमित रहने के बजाय सभी राज्य अलंकरणों से सम्मानित प्रतिभाओं तक बढ़ाया जाना चाहिए।

डॉ. सोलंकी ने सरकार के उस निर्णय का भी उल्लेख किया है, जिसमें शासकीय सेवाओं और उच्च पदों पर आवेदन के लिए अधिकतम आयु सीमा 38 वर्ष से बढ़ाकर 45 वर्ष किए जाने की बात कही गई है। उन्होंने इसी नीति के अनुरूप राज्य अलंकरण प्राप्त लोगों को सीधी भर्ती में पांच वर्ष की अतिरिक्त आयु छूट देने का प्रावधान करने की मांग की है।

सोसायटी ने मुख्यमंत्री से 11 अक्टूबर को प्रस्तावित कैबिनेट बैठक में इस मांग पर विचार कर निर्णय लेने का आग्रह किया है।