cg news-लोरमी। मुंगेली जिले के लोरमी थाना क्षेत्र से मानवता को झकझोर देने वाली एक घटना सामने आई है, जहां एक दरिंदे ने मूकबधिर और दिव्यांग युवती को अपनी हवस का शिकार बनाया।

हालांकि, मुंगेली पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई की और महज 48 घंटे के भीतर आरोपी को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। पुलिस की इस तत्परता और जांच के दौरान बरती गई संवेदनशीलता की अब हर तरफ सराहना हो रही है।

यह दिल दहला देने वाली घटना 9 जुलाई की सुबह करीब 8:30 बजे की है। पीड़िता, जो दोनों हाथ-पैरों से दिव्यांग होने के साथ-साथ बोल और सुन भी नहीं सकती, अपने घर के आंगन में अकेली बैठी थी। इसी बेबसी का फायदा उठाते हुए गांव के ही आरोपी दीपक पटेल ने घर में घुसकर लोहे का गेट अंदर से बंद कर दिया और युवती के साथ जबरदस्ती दुष्कर्म किया। घटना के बाद जब पीड़िता की मां को इसकी जानकारी हुई, तो उन्होंने तुरंत लोरमी थाने पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई।

मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए मुंगेली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) भोजराम पटेल ने आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी के लिए विशेष निर्देश जारी किए। चूंकि पीड़िता मूकबधिर थी और सामान्य तरीके से बयान देने में अक्षम थी, इसलिए पुलिस ने जांच में विशेष संवेदनशीलता दिखाई। पुलिस ने ‘सत्य सांई हेल्प वे मूकबधिर आवासीय विद्यालय मुंगेली’ की एक विशेष शिक्षिका को द्विभाषिया (Sign Language Interpreter) के रूप में बुलाया और उनके माध्यम से पीड़िता के इशारों को समझते हुए आधिकारिक कथन दर्ज कराया। इसके साथ ही, वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए पीड़िता का तत्काल स्वास्थ्य परीक्षण भी कराया गया।

पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी दीपक पटेल को हिरासत में लिया, जिसने कड़ी पूछताछ के बाद अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। लोरमी पुलिस ने आरोपी के खिलाफ नए कानून की सुसंगत धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।