Kanker Bridge Issue Assembly: विधानसभा में जर्जर पुलों पर हंगामा; मंत्री ने मानी देरी की बात, आसंदी ने कहा- ठेकेदारों को करो ब्लैकलिस्ट

Kanker Bridge Issue Assembly।रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के आठवें दिन प्रश्नकाल के दौरान कांकेर जिले की जर्जर सड़कों और पुल-पुलियों का मुद्दा गरमाया रहा।
भाजपा विधायक विक्रम उसेंडी और कांग्रेस विधायक उमेश पटेल ने क्षेत्र की बदहाल स्थिति और लगातार हो रही दुर्घटनाओं को लेकर सरकार को घेरा। सदन में इस मुद्दे पर तीखी बहस के बाद आसंदी (अध्यक्ष) ने कड़ा रुख अपनाते हुए काम में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदारों को काली सूची (Blacklist) में डालने के निर्देश दिए हैं।
विधायक विक्रम उसेंडी ने सवाल उठाया कि कांकेर जिले के अंतर्गत जर्जर पुल-पुलियों का निर्माण कब तक पूरा होगा? उन्होंने बताया कि पुलिया काफी संकरी और क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं, जिनमें रेलिंग तक नहीं है, जिससे आए दिन हादसे हो रहे हैं।
इस पर जवाब देते हुए उपमुख्यमंत्री और लोक निर्माण विभाग के मंत्री अरुण साव ने स्वीकार किया कि भानुप्रतापपुर से पखांजूर जाने वाली यह सड़क बेहद महत्वपूर्ण है।
उन्होंने देरी का कारण बताते हुए कहा, “अनुबंधक (ठेकेदार) के काम छोड़कर चले जाने की वजह से यह स्थिति निर्मित हुई है। कुल 134 में से 114 पुल-पुलियों का काम तो हुआ है, लेकिन मुख्य निर्माण अधूरे हैं। वर्तमान में यह मामला उच्च न्यायालय में लंबित है।”
सदन में उस वक्त स्थिति तनावपूर्ण हो गई जब मंत्री अरुण साव ने कहा कि विभाग के पास किसी बड़ी दुर्घटना की जानकारी नहीं आई है। इस पर विधायक उमेश पटेल ने कड़ा ऐतराज जताते हुए तारीखवार ब्यौरा पेश किया।
पटेल ने कहा सड़क पर 30 अप्रैल, 11 नवंबर और दिसंबर सहित अब तक 5 बड़ी दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। विभाग का यह कहना कि कोई दुर्घटना नहीं हुई, सरासर गलत जानकारी है।”
मंत्री साव ने इस पर सफाई देते हुए कहा कि थानों से ऐसी कोई रिपोर्ट विभाग को नहीं मिली है, लेकिन वे विधायक की बात को स्वीकार करते हैं कि यह मार्ग संवेदनशील है और मरम्मत के प्रयास जारी हैं।
Kanker Bridge Issue Assembly।बहस के दौरान आसंदी ने हस्तक्षेप करते हुए विभाग को सख्त निर्देश दिए। आसंदी ने कहा कि जो ठेकेदार समय पर काम पूरा नहीं कर पा रहे हैं या बीच में काम छोड़ रहे हैं, उन्हें तत्काल ब्लैकलिस्टेड किया जाना चाहिए। मंत्री अरुण साव ने सदन को आश्वस्त किया कि एक पुल का काम अप्रैल तक पूरा हो जाएगा और बाकी के लिए प्रक्रिया तेज कर दी गई है।





