CG News/बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के एक कलेक्टोरेट परिसर में सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय के बाहर दो लोगों के बीच मारपीट का मामला सामने आया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की और मारपीट होती दिखाई दे रही है। मौके पर मौजूद वकीलों और पुलिसकर्मियों ने हस्तक्षेप कर दोनों को अलग कराया।

बताया जा रहा है कि घटना सिटी मजिस्ट्रेट रजनी भगत के न्यायालय कक्ष के बाहर हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दो लोगों के बीच पहले किसी बात को लेकर बहस शुरू हुई। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और दोनों के बीच हाथापाई होने लगी। सरकारी कार्यालय परिसर में अचानक हुई इस घटना से वहां मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।

घटना के दौरान वहां मौजूद कुछ वकीलों और पुलिसकर्मियों ने दोनों पक्षों को अलग करने का प्रयास किया। वीडियो में भी मौके पर मौजूद लोग मारपीट रोकने की कोशिश करते दिखाई दे रहे हैं। काफी मशक्कत के बाद दोनों को अलग कराया गया।

घटना का वीडियो किसी प्रत्यक्षदर्शी द्वारा रिकॉर्ड किए जाने के बाद सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।

हालांकि, वीडियो में दिखाई दे रही घटना के पीछे वास्तविक विवाद क्या था, इसकी आधिकारिक पुष्टि फिलहाल सामने नहीं आई है। मौके पर मौजूद लोगों के बीच अलग-अलग तरह की चर्चाएं जरूर हैं, लेकिन इन्हें अभी तथ्य के रूप में नहीं माना जा सकता।

कुछ लोगों के बीच यह चर्चा भी है कि विवाद कथित तौर पर पैसों के लेन-देन या उधारी से जुड़ा हो सकता है। हालांकि, इस संबंध में संबंधित पक्षों की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। इसलिए मारपीट की वास्तविक वजह की पुष्टि जांच या संबंधित पक्षों के बयान के बाद ही हो सकेगी।

कलेक्टोरेट और दंडाधिकारी कार्यालय जैसे संवेदनशील सरकारी परिसर में हुई इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि घटना के समय परिसर में सुरक्षा के लिए कौन-कौन से इंतजाम मौजूद थे और क्या इस संबंध में प्रशासन या पुलिस की ओर से कोई कार्रवाई की गई है।