CG News/बेमेतरा। साइबर ठगी की रकम अपने बैंक खातों में मंगाने और दूसरे लोगों को खाते उपलब्ध कराने के मामलों में बेमेतरा पुलिस ने दो अलग-अलग कार्रवाई में 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बेरला थाना पुलिस ने चार और देवरबीजा चौकी पुलिस ने 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया।

बेरला पुलिस ने बताया, तीन आरोपियों के खातों से वर्ष 2024 में 42 लाख 71 हजार 94 रुपए का लेनदेन हुआ। देवरबीजा के मामले में अलग-अलग बैंक खातों में साइबर ठगी से जुड़े 2 लाख 15 हजार 439 रुपए संदिग्ध पाए गए। देवरबीजा पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 30 हजार रुपए कीमत के छह एंड्रॉयड मोबाइल जब्त किया है।

बेरला पुलिस की जांच में सामने आया कि ग्राम बोरिया निवासी पीयूष टंडन, प्रेमसागर टंडन और तुषार बंजारे ने अपने बैंक खाते और एटीएम कार्ड अभिषेक दुर्गा को दिए थे। अभिषेक ने खातों के बदले 20 हजार रुपए देने का लालच दिया था। पीयूष ने अपना खाता 6 हजार रुपए, प्रेमसागर ने 3 हजार रुपए और तुषार ने दो बैंक खाते 2,500 रुपए में देने की बात सामने आई है। पुलिस ने अभिषेक दुर्गा, पीयूष टंडन, तुषार बंजारे और प्रेमसागर टंडन को 25 और 26 अक्टूबर को गिरफ्तार किया।

किराए पर बैंक खाता देने वाले 6 आरोपी गिरफ्तार

देवरबीजा चौकी पुलिस ने बैंक ऑफ महाराष्ट्र की देवरबीजा शाखा और आईडीबीआई बैंक की बेमेतरा शाखा के खातों की जांच की। पुलिस के अनुसार 16 नवंबर 2024 से 23 फरवरी 2025 के बीच अलग-अलग खातों में साइबर ठगी से जुड़ी 2 लाख 15 हजार 439 रुपए की रकम संदिग्ध मिली। खातों के शुरुआती दिन से अंतिम लेनदेन तक के विवरण में भी अधिक रकम के लेनदेन की जानकारी मिली। इस मामले में पुलिस ने जितेंद्र वर्मा (24), संजय यादव (20), चंद्रमणि साहू (23), लोकेंद्र साहू (21), दुर्गेश साहू (20) और दिलेश्वर साहू (28) को 27 अक्टूबर को गिरफ्तार किया। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।