CG Education News: बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए कलेक्टर ने खुद संभाली कमान,भैयाथान में छात्रों को दिए सफलता के मंत्र
बैठक के दौरान कलेक्टर एस. जयवर्धन ने छात्रों और पालकों के साथ अत्यंत आत्मीय संवाद किया। उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि परीक्षा को किसी बोझ या दबाव के रूप में देखने के बजाय एक उत्सव और अपनी क्षमता साबित करने के अवसर के रूप में लेना चाहिए।

CG Education News:भैयाथान। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में बोर्ड की वार्षिक परीक्षाओं में छात्रों के प्रदर्शन को बेहतर बनाने और शिक्षा की गुणवत्ता में क्रांतिकारी सुधार लाने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। इसी कड़ी में जिले के कलेक्टर एस. जयवर्धन ने खुद मोर्चा संभालते हुए हायर सेकेंडरी स्कूल भैयाथान में आयोजित ‘पालक-शिक्षक बैठक’ (PTM) की अध्यक्षता की।
इस दौरान उन्होंने न केवल छात्रों का उत्साहवर्धन किया, बल्कि उन्हें आधुनिक तकनीक और डिजिटल संसाधनों का सही उपयोग कर भविष्य संवारने के अनूठे टिप्स भी दिए। कलेक्टर की इस सीधी पहल का उद्देश्य जिले के विद्यार्थियों में आत्मविश्वास जगाना और उन्हें प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण होने के लिए प्रेरित करना है।
बैठक के दौरान कलेक्टर एस. जयवर्धन ने छात्रों और पालकों के साथ अत्यंत आत्मीय संवाद किया। उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि परीक्षा को किसी बोझ या दबाव के रूप में देखने के बजाय एक उत्सव और अपनी क्षमता साबित करने के अवसर के रूप में लेना चाहिए।
उन्होंने विशेष रूप से नीट (NEET), जेईई (JEE) और सीजी पीएससी (CGPSC) जैसी बड़ी प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं की तैयारी के महत्व पर जोर दिया।
कलेक्टर ने गणित के छात्र पीयूष कुशवाहा से चर्चा के दौरान एक महत्वपूर्ण सुझाव देते हुए कहा कि आज के डिजिटल युग में छात्रों को केवल किताबों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि करियर निर्माण में सहायता के लिए ‘चैट जीपीटी’ जैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) टूल्स और अन्य ऑनलाइन लर्निंग प्लेटफॉर्म्स का स्मार्ट उपयोग करना चाहिए। छात्र पीयूष ने भी ऑनलाइन कक्षाओं के माध्यम से अपनी जेईई की तैयारी के अनुभव साझा किए, जिसकी कलेक्टर ने सराहना की।
कलेक्टर ने पालकों से भी भावुक अपील करते हुए कहा कि घर का वातावरण बच्चों की पढ़ाई के अनुकूल होना चाहिए।
उन्होंने आग्रह किया कि परीक्षा के समय बच्चों पर अतिरिक्त तनाव डालने के बजाय उन्हें सकारात्मक समर्थन दें और उनकी छोटी-छोटी जरूरतों का ध्यान रखें। जिले में शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए कलेक्टर के मार्गदर्शन में एक सुव्यवस्थित कार्ययोजना लागू की गई है, जिसके तहत हर महीने एसडीएम की अध्यक्षता में प्राचार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की जा रही है।
इन बैठकों में तिमाही, छमाही और प्री-बोर्ड परीक्षाओं के परिणामों का सूक्ष्म विश्लेषण किया जा रहा है ताकि कमजोर कड़ियों को पहचानकर समय रहते सुधारा जा सके।
इस विशेष बैठक के दौरान एसडीएम चांदनी कंवर, जिला शिक्षा अधिकारी अजय मिश्रा, जिला मिशन समन्वयक मनोज कुमार साहू सहित शिक्षा विभाग के तमाम वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने बताया कि जिले के प्रत्येक विद्यालय में अब छात्रों के प्रदर्शन पर व्यक्तिगत ध्यान दिया जा रहा है।




