एनएच-30 पर खून की रफ्तार, युवक को कुचलकर मार डाला
हाईवे पर शुरू हुआ विवाद, सड़क पर खत्म हुई जिंदगी

रायपुर।…एनएच-30 पर मामूली कहासुनी ने ऐसा खौफनाक रूप ले लिया, जिसने एक युवक की जान ले ली। अभनपुर क्षेत्र के ग्राम केंद्री में 15 जनवरी को हुई यह वारदात सड़क हादसा नहीं, बल्कि सोची-समझी हत्या बनकर सामने आई है। इनोवा कार से युवक को कुचल दिया गया और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
पेट्रोल खत्म हुआ, विवाद भड़क गया
जानकारी के मुताबिक, ग्राम केंद्री निवासी कैलाश तिवारी अपने दोस्तों के साथ एक्टिवा को धक्का देकर पेट्रोल पंप की ओर ले जा रहा था। इसी दौरान एनएच-30 पर रॉन्ग साइड से आ रही इनोवा कार ने पीछे से एक्टिवा को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद जब वाहन चलाने को लेकर आपत्ति जताई गई, तो कार सवार युवकों ने गाली-गलौच शुरू कर दी।
मारपीट से हत्या तक पहुंचा मामला
विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों के बीच हाथ-मुक्के चलने लगे। इस दौरान कैलाश और उसके साथ मौजूद युवकों को चोटें आईं। कुछ समय बाद कार सवार फिर लौटे और दोबारा मारपीट शुरू हुई। हालात बिगड़ते चले गए और मौके पर तनाव चरम पर पहुंच गया।
कार के सामने आया युवक, इनोवा चढ़ा दी
इसी बीच सभी आरोपी इनोवा में बैठकर भागने लगे। कैलाश तिवारी ने कार के सामने आकर वाहन रोकने की कोशिश की, लेकिन यही उसकी जिंदगी की आखिरी कोशिश साबित हुई। इनोवा चालक ने साथियों के साथ मिलकर वाहन सीधे कैलाश के ऊपर चढ़ा दिया। तेज रफ्तार कार की चपेट में आने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
हत्या की पुष्टि, जांच में खुली साजिश
घटनास्थल पर मिले साक्ष्यों और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के बाद यह साफ हो गया कि मामला सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि हत्या का है। मृतक के भाई की शिकायत पर प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच के दौरान सामने आया कि आरोपियों ने जान से मारने की नीयत से यह कृत्य किया।
पांच आरोपी गिरफ्तार, इनोवा जब्त
विवेचना के दौरान पांच आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जहां उन्होंने अपराध स्वीकार किया। घटना में प्रयुक्त इनोवा कार को जब्त कर लिया गया है। सभी गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है, जबकि दो अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
हाईवे पर बढ़ती हिंसा पर सवाल
यह घटना सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि हाईवे पर बढ़ती आक्रामकता और कानून के भय के कमजोर होते जाने का संकेत भी है। सड़क पर हुआ गुस्सा कैसे पल भर में जानलेवा बन सकता है, यह मामला उसी की गवाही देता है।





