बिलासपुर…राशन की दुकान पर कतार, तौल और वितरण की प्रक्रिया से गुजरने वाले हितग्राहियों के लिए अब व्यवस्था बदलने जा रही है। बिलासपुर के सरकंडा में शनिवार को अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम शुरू हुआ। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने इसका शुभारंभ किया, जबकि खाद्य मंत्री दयालदास बघेल वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े।

संयुक्त राष्ट्र विश्व खाद्य कार्यक्रम के सहयोग से खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने यह व्यवस्था शुरू की है। इसका मकसद सार्वजनिक वितरण प्रणाली में तकनीक के इस्तेमाल से राशन वितरण को अधिक पारदर्शी और सुविधाजनक बनाना है।

कैसे मिलेगा राशन

ग्रेन एटीएम पर राशन कार्डधारी को पहले आधार आधारित बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण के लिए अंगूठा लगाना होगा। पहचान सत्यापित होने के बाद मशीन की स्क्रीन पर उपलब्ध राशन और निर्धारित मात्रा दिखाई देगी। हितग्राही इसकी पुष्टि करेगा और खाली थैला मशीन के निर्धारित स्थान पर रखकर डिस्पेंस बटन दबाएगा। इसके बाद मशीन अपने आप निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न थैले में भर देगी।

इस व्यवस्था में मशीन से राशन की तौल और वितरण होने के कारण मानवीय हस्तक्षेप कम होगा। इससे वितरण में होने वाली तौल संबंधी गड़बड़ियों की गुंजाइश घटाने के साथ हितग्राहियों का समय बचाने की उम्मीद है।

शुभारंभ पर दिखा लोगों का उत्साह

मशीन के प्रदर्शन के दौरान राशन कार्डधारियों और उपस्थित नागरिकों में इसे लेकर खासा उत्साह नजर आया। लोगों ने मशीन से राशन निकलने की प्रक्रिया देखी और इसकी तौल तथा वितरण व्यवस्था को समझा। खासकर कुछ ही समय में निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न मिलने की प्रक्रिया लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र रही।

उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने इसे सार्वजनिक वितरण प्रणाली में तकनीकी बदलाव की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया। उन्होंने कहा कि तकनीक का वास्तविक लाभ तभी है, जब उससे आम आदमी का काम आसान हो और उसे सुविधा के साथ पारदर्शी सेवा मिले।

कार्यक्रम में विधायक सुशांत शुक्ला, महापौर पूजा विधानी, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी, कलेक्टर संजय अग्रवाल, पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह, नगर निगम आयुक्त प्रकाश सर्वे, जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल, खाद्य नियंत्रक अमृत कुजूर, नान के जिला प्रबंधक नितिन दीवान और विश्व खाद्य कार्यक्रम की नताशा कुमारी पनवार सहित जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।