रिहायशी अपार्टमेंट में धधका गोदाम, एक घंटे बाद पहुंची दमकल; नियमों पर खड़े हुए सवाल
48 फ्लैट वाले अपार्टमेंट में सुबह 6 बजे मची अफरा-तफरी

बिलासपुर… मंगला क्षेत्र स्थित गजमोहिनी अपार्टमेंट के निचले हिस्से में शुक्रवार सुबह करीब 6 बजे आग भड़क उठी। अपार्टमेंट में कुल 48 फ्लैट हैं। इनमें कितने परिवार निवास करते हैं, इसकी फिलहाल आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है। आग लगते ही पूरे परिसर में हड़कंप मच गया और लोग घरों से बाहर निकल आए।
इलेक्ट्रॉनिक सामान का गोदाम बना आग का केंद्र
अपार्टमेंट के नीचे इलेक्ट्रॉनिक सामान का गोदाम संचालित होता है। स्थानीय लोगों के अनुसार यह गोदाम अरुण अग्रवाल का है, जिनकी पुराना बस स्टैंड क्षेत्र में इलेक्ट्रॉनिक दुकान संचालित होती है। आग से लाखों रुपए का सामान जलकर नष्ट होने की आशंका है। प्रारंभिक संभावना शॉर्ट सर्किट की जताई जा रही है।
दमकल एक घंटे बाद पहुंची, नाराजगी
रहवासियों ने बताया कि सूचना देने के बावजूद फायर ब्रिगेड की टीम करीब एक घंटे बाद मौके पर पहुंची। तब तक आग काफी फैल चुकी थी। स्थानीय लोगों ने शुरुआती स्तर पर आग पर काबू पाने की कोशिश की। दमकल की देरी को लेकर लोगों में नाराजगी भी दिखाई दी।
बड़ा सवाल — रिहायशी क्षेत्र में गोदाम कैसे?
घटना के बाद सबसे बड़ा प्रश्न यह उठ रहा है कि 48 फ्लैट वाले रिहायशी अपार्टमेंट के नीचे इलेक्ट्रॉनिक सामान का गोदाम किस अनुमति से संचालित हो रहा था। क्या यह नगर निगम और अग्नि सुरक्षा नियमों के अनुरूप था? क्या फायर सेफ्टी क्लीयरेंस ली गई थी?





