LIVE UPDATE
Big news

शराब घोटाले पर ED का ‘मेगा स्ट्राइक’: 13 ठिकानों पर छापे, करोड़ों का कैश-गोल्ड जब्त

रायपुर से बिलासपुर तक ‘कैश का जाल’: ED छापों में खुली शराब सिंडिकेट की परतें

रायपुर: छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय ने एक साथ कई शहरों में दबिश देकर पूरे नेटवर्क को झकझोर दिया। रायपुर जोनल टीम ने रायपुर, दुर्ग-भिलाई और बिलासपुर में 13 ठिकानों पर छापेमारी कर करोड़ों की नकदी, सोना और अहम दस्तावेज बरामद किए।

छापों में खुला ‘कैश-गोल्ड कनेक्शन’

सर्च ऑपरेशन के दौरान ₹53 लाख नकद और करीब 3.234 किलोग्राम सोना जब्त किया गया, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग ₹4.86 करोड़ है। कुल बरामदगी ₹5.39 करोड़ तक पहुंची। इसके साथ ही कई डिजिटल डिवाइस और दस्तावेज मिले, जो पूरे रैकेट की परतें खोल सकते हैं।

तीन साल में खड़ा हुआ 2883 करोड़ का खेल

जांच में सामने आया है कि 2019 से 2022 के बीच शराब कारोबार में लाइसेंस, सप्लाई और बिक्री के नाम पर संगठित तरीके से कमीशन वसूला गया। ईओडब्ल्यू और एसीबी की जांच के मुताबिक इस नेटवर्क ने करीब ₹2883 करोड़ की अवैध कमाई खड़ी की।

सिस्टम के भीतर तक पहुंचा नेटवर्क

मामले में अब तक 9 बड़े नामों की गिरफ्तारी हो चुकी है। जांच के दायरे में नौकरशाही, आबकारी तंत्र और राजनीतिक कनेक्शन तक फैला एक संगठित नेटवर्क सामने आया है। रिटायर्ड आईएएस अधिकारी, आबकारी विभाग के शीर्ष पदों पर बैठे अधिकारी और सत्ता से जुड़े लोग भी जांच के घेरे में हैं।

हवाला, कैश हैंडलर, राजनीतिक कड़ियों की पड़ताल

ईडी अब इस पूरे सिंडिकेट के हवाला नेटवर्क, कैश मूवमेंट और फाइनेंशियल ट्रेल को ट्रैक कर रही है। एजेंसी को संदेह है कि कई कारोबारी और चार्टर्ड अकाउंटेंट अभी भी इस काले धन को छिपाने और खपाने में सक्रिय हैं।

आने वाले दिनों में और बड़ी कार्रवाई

लगातार मिल रहे सबूतों के आधार पर ईडी की जांच और तेज हो गई है। सूत्रों के मुताबिक जल्द ही कुछ और बड़े चेहरों पर कार्रवाई संभव है, जिससे इस घोटाले की जड़ें और गहराई तक उजागर हो सकती हैं।

Bhaskar Mishra

पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग 16 साल का अनुभव।विभिन्न माध्यमों से पत्रकारिता के क्षेत्र मे काम करने का अवसर मिला।यह प्रयोग अब भी जारी है।कॉलेज लाइफ के दौरान से पत्रकारिता से गहरा जुड़ाव हुआ।इसी दौरान दैनिक समय से जुडने का अवसर मिला।कहानी,कविता में विशेष दिलचस्पी ने पहले तो अधकचरा पत्रकार बनाया बाद में प्रदेश के वरिष्ठ और प्रणम्य लोगों के मार्गदर्शन में संपूर्ण पत्रकारिता की शिक्षा मिली। बिलासपुर में डिग्री लेने के दौरान दैनिक भास्कर से जु़ड़ा।2005-08 मे दैनिक हरिभूमि में उप संपादकीय कार्य किया।टूडे न्यूज,देशबन्धु और नवभारत के लिए रिपोर्टिंग की।2008- 11 के बीच ईटीवी हैदराबाद में संपादकीय कार्य को अंजाम दिया।भाग दौड़ के दौरान अन्य चैनलों से भी जुडने का अवसर मिला।2011-13 मे बिलासपुर के स्थानीय चैनल ग्रैण्ड न्यूज में संपादन का कार्य किया।2013 से 15 तक राष्ट्रीय न्यूज एक्सप्रेस चैनल में बिलासपुर संभाग व्यूरो चीफ के जिम्मेदारियों को निभाया। 1998-2000 के बीच आकाशवाणी में एनाउँसर-कम-कम्पियर का काम किया।वर्तमान में www.cgwall.com वेबपोर्टल में संपादकीय कार्य कर रहा हूं।
Back to top button