जिला पंचायत की निर्णायक बैठक आज, सुशासन तिहार और विरासत संरक्षण पर होगा बड़ा फैसला
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की मौजूदगी में विकास, पारदर्शिता और सांस्कृतिक विरासत पर फोकस

बिलासपुर… जिला पंचायत की सामान्य सभा की विशेष बैठक 28 अप्रैल को आयोजित होने जा रही है, जिसे जिले की प्रशासनिक और विकासात्मक दिशा तय करने के लिहाज से अहम माना जा रहा है। बैठक शाम 4 बजे जिला पंचायत सभाकक्ष में होगी, जिसकी अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश सूर्यवंशी करेंगे। इस बैठक में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की उपस्थिति के बीच कई महत्वपूर्ण एजेंडों पर चर्चा और निर्णय की संभावना है।
बैठक के प्रमुख बिंदुओं में ज्ञान भारतम् पांडुलिपि सर्वेक्षण शामिल है, जिसके जरिए जिले की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहरों को चिन्हित और संरक्षित करने की रणनीति पर विचार किया जाएगा। इसके साथ ही सुशासन तिहार 2026 की रूपरेखा को अंतिम रूप देने पर भी मंथन होगा, ताकि योजनाओं का प्रभाव सीधे आम नागरिकों तक पहुंचे और शासन की पारदर्शिता को और मजबूत किया जा सके। अध्यक्ष की अनुमति से अन्य विकासात्मक और प्रशासनिक विषयों को भी एजेंडे में शामिल किया जाएगा।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी संदीप अग्रवाल ने बैठक को लेकर स्पष्ट किया कि यह सिर्फ औपचारिकता नहीं, बल्कि जिले के समग्र विकास की दिशा तय करने का मंच है। उन्होंने कहा, “जिला पंचायत की यह बैठक स्थानीय जरूरतों को प्राथमिकता देते हुए योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर केंद्रित रहेगी। सुशासन तिहार और ज्ञान भारतम् जैसे अभियानों के माध्यम से प्रशासन को और अधिक जवाबदेह, पारदर्शी और जन-केंद्रित बनाने की दिशा में ठोस निर्णय लिए जाएंगे। हर योजना का लक्ष्य स्पष्ट है—जमीनी स्तर पर बदलाव और लोगों के जीवन में वास्तविक सुधार।
बैठक में सभी संबंधित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से समय पर उपस्थित होकर सक्रिय भागीदारी निभाने को कहा गया है। ताकि लिए गए निर्णयों का प्रभाव जिले के हर वर्ग तक पहुंचे और विकास की गति को और मजबूती मिल सके।





