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CG News- अवैध सट्टा पैनल के खिलाफ पुलिस की कार्यवाई,फरार आरोपी के ठिकानों से मिला खजाना, करोड़ों की संपत्ति का भी खुलासा

पुलिस के अनुसार, आरोपी पिछले एक साल से अपनी गिरफ्तारी से बचने के लिए फरार चल रहा था और अदालत ने उसके विरुद्ध उद्घोषणा भी जारी की थी। रिमांड के दौरान पुलिस की विशेष टीम सर्च वारंट लेकर आरोपी के घर पहुंची।

CG News/छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में अवैध ऑनलाइन सट्टा पैनलों के खिलाफ सरगुजा पुलिस ने अपनी मुहिम को और तेज कर दिया है। महाराष्ट्र के पुणे से गिरफ्तार किए गए कुख्यात सट्टा कारोबारी आयुष उर्फ दीप सिन्हा से पुलिस की रिमांड में कड़ी पूछताछ चल रही है।

इसी कड़ी में पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर उसके ठिकानों पर दबिश दी, जहां से भारी मात्रा में नगदी, सोने-चांदी के आभूषण और महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार अग्रवाल के मार्गदर्शन और नगर पुलिस अधीक्षक राहुल बंसल के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई ने सट्टा बाजार से जुड़े सिंडिकेट की कमर तोड़ दी है।

पुलिस के अनुसार, आरोपी पिछले एक साल से अपनी गिरफ्तारी से बचने के लिए फरार चल रहा था और अदालत ने उसके विरुद्ध उद्घोषणा भी जारी की थी। रिमांड के दौरान पुलिस की विशेष टीम सर्च वारंट लेकर आरोपी के घर पहुंची।

वहां ताला लगा होने और परिजनों की अनुपस्थिति के कारण पुलिस ने विधिवत ताला तोड़कर तलाशी ली। इस दौरान घर के भीतर से 6 लाख 45 हजार रुपये नकद, भारी मात्रा में सोने-चांदी के गहने जैसे कान के टॉप्स, नथिया, अंगूठी, 19 जोड़ी बिछिया, कड़ा और पायल बरामद हुए। इसके अलावा पुलिस को वहां से जमीन के दस्तावेज, सात एटीएम कार्ड और बैंक की पासबुक भी मिली है, जो अवैध वित्तीय लेन-देन की ओर इशारा कर रहे हैं।

पूछताछ में आयुष उर्फ दीप सिन्हा ने स्वीकार किया कि वह न केवल अवैध सट्टा पैनल चला रहा था, बल्कि उसने अपने परिचितों और अन्य अनजान व्यक्तियों के बैंक खातों का इस्तेमाल भी सट्टे के पैसे को इधर-उधर करने में किया था। आरोपी ने अपने कई साथियों के नामों का भी खुलासा किया है, जो इस काले कारोबार में उसकी मदद करते थे।

पुलिस अब उन सभी संदिग्धों की भूमिका की बारीकी से जांच कर रही है और उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही इस रैकेट से जुड़े अन्य लोगों को भी गिरफ्तार किया जाएगा।

जांच में एक और बड़ा खुलासा हुआ है कि आरोपी ने सट्टे से होने वाली काली कमाई का निवेश विभिन्न स्थानों पर संपत्ति खरीदने में किया है। पुलिस अब उन सभी अचल संपत्तियों की पहचान करने में जुटी है जो इस अवैध धंधे के पैसे से बनाई गई हैं। इसके लिए राजस्व विभाग से संपर्क कर संपत्तियों के सत्यापन और जब्ती की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

सरगुजा पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सट्टेबाजी के माध्यम से अर्जित की गई हर एक संपत्ति को कुर्क करने के लिए वैधानिक कदम उठाए जा रहे हैं।

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